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सुनो कहानी: अनुराग शर्मा लिखित गञ्जा

'सुनो कहानी' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने प्रसिद्ध लेखिका सुधा अरोड़ा की कहानी "एक कवि पत्नी का संलाप: सत्ता संवाद" का पॉडकास्ट उन्हीं की आवाज़ में सुना था। आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं अनुराग शर्मा की एक लघुकथा "गंजा", जिसको स्वर दिया है अनुराग शर्मा ने।

कहानी "गञ्जा" का कुल प्रसारण समय 1 मिनट 53 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

इस कथा का टेक्स्ट गर्भनाल, अंक 48, पृष्ठ 61 पर उपलब्ध है।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं हमसे संपर्क करें। अधिक जानकारी के लिए कृपया यहाँ देखें।




पतझड़ में पत्ते गिरैं, मन आकुल हो जाय।
गिरा हुआ पत्ता कभी, फ़िर वापस ना आय।।
~ अनुराग शर्मा


हर शनिवार को आवाज़ पर सुनें एक नयी कहानी

सर तो आदमी तभी घुटाता है जब जूँ पड़ जाएँ या तब जब बाप मर जाये।
(अनुराग शर्मा की लघुकथा "गंजा" से एक अंश)










नीचे के प्लेयर से सुनें.
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यदि आप इस पॉडकास्ट को नहीं सुन पा रहे हैं तो नीचे दिये गये लिंक से डाऊनलोड कर लें:
VBR MP3
#111 Story, Ganja: Anurag Sharma/Hindi Audio Book/2010/43. Voice: Anurag Sharma










Comments

बहुत दर्दनाक कहानी...
bahut dardnak...man me gahre utar gayee apki kahani....
bahut dardnak...man me gahre utar gayee apki kahani....

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