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"मुझे दो सालों तक राजेश रोशन से मिलने नहीं दिया गया" - गीतकार इब्राहीम अश्क


एक मुलाकात ज़रूरी है (9) 

इब्राहीम अश्क 
ज के हमारे मेहमान एक मशहूर शायर, एक लोकप्रिय गीतकार होने के साथ साथ एक अच्छे खासे अभिनेता भी हैं. सुपर स्टार ह्रितिक रोशन के सुपर स्टारडम में इनके गीतों का बेहद महत्वपूर्ण स्थान रहा है. "कहो न प्यार है". "क्यों चलती है पवन", "सितारों की महफ़िल में", "जादू जादू", "इट्स मेजिक" जैसे ढेर सारे सुपर डुपर हिट गीतों के रचेयता इब्राहीम अश्क साहब पधारे हैं आज हमारी बज़्म में. आईये उन्हीं से जानते हैं कि क्यों उन्होंने अपना तक्कलुस "अश्क" रखा, क्यों उन्हें दो सालों तक संगीतकार राजेश रोशन से मिलने से महरूम रहना पड़ा, क्यों ग़ालिब के किरदार को मंच पर जीवंत करने में उन्हें अधिक मेहनत नहीं करनी पड़ी, और क्यों अपने "मोहब्बत इनायत" जैसे कामियाब गीत के बावजूद उन्हें एक स्टार गीतकार बनने के लिए ९ सालों का इंतज़ार करना पड़ा.



Comments

Reetesh Khare said…
ये सिलसिला बज़्म ए सजीव सारथी का, एक और क़ीमती नज़राना ले कर आया है. अश्क़ साहब के तजर्बात से भरा उनका सफ़रनामा, ज़िंदगी और शायरी को तबियत से जीने का. अश्क़ में समंदर पाइए और ज़िंदगी का एक आईना और भी नज़र कीजिए.
Reetesh Khare said…
https://in.pinterest.com/pin/481322278907811852/
Reetesh Khare said…
https://twitter.com/reeteshkhare/status/728196005812822016

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