मंगलवार, 22 सितंबर 2015

बिजली जाने का सुख - मोनिका गुप्ता

लोकप्रिय स्तम्भ "बोलती कहानियाँ" के अंतर्गत हम हर सप्ताह आपको सुनवाते रहे हैं नई, पुरानी, अनजान, प्रसिद्ध, मौलिक और अनूदित, यानि के हर प्रकार की कहानियाँ। पिछली बार आपने उषा छाबड़ा के स्वर में अमर साहित्यकार वैद्यनाथ मिश्र का व्यंग्य बम भोलेनाथ" सुना था।

आज हम आपकी सेवा में मोनिका गुप्ता लिखित व्यंग्य बिजली जाने का सुख, उन्हीं के स्वर में प्रस्तुत कर रहे हैं।

इस व्यंग्य बिजली जाने का सुख का कुल प्रसारण समय 2 मिनट 29 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।


हरियाणा निवासी, साहित्यकार और रेडियो व्यक्तित्व मोनिका गुप्ता के लेख जाने माने राष्ट्रीय समाचार पत्र- पत्रिकाओं में प्रकाशित हुए हैं। आकाशवाणी और दूरदर्शन कार्यक्रमों के अलावा इन्होनें जिंगल्स और वाईस ओवर भी किए हैं। हरियाणा साहित्य अकादमी से बाल साहित्य पुरस्कार मिल चुका है। अभी तक सात किताबे प्रकाशित हुई हैं जिसमें से दो नेशनल बुक ट्र्स्ट से हैं। लेखन और वाचन के साथ साथ कार्टूनों के माध्यम से भी अपने विचार व्यक्त कर रही है।

हर सप्ताह यहीं पर सुनें एक नयी हिन्दी कहानी

"बिजली जाने के तो सुख ही सुख है।”
 (मोनिका गुप्ता के व्यंग्य "बिजली जाने का सुख" से एक अंश)


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यदि आप इस पॉडकास्ट को नहीं सुन पा रहे हैं तो नीचे दिये गये लिंक से डाऊनलोड कर लें:
बिजली जाने का सुख MP3

#Seventeenth Story, Bijli Jane Ka Sukh; Monica Gupta; Hindi Audio Book/2015/17. Voice: Monica Gupta

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