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Tuesday, November 14, 2017

बोलती कहानियाँ: खेल (ऑडियो)

'बोलती कहानियाँ' स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको नई-पुरानी, प्रसिद्ध-अल्पज्ञात, मौलिक-अनूदित, हर प्रकार की हिंदी कहानियाँ सुनवाते रहे हैं। पिछले सप्ताह आपने अनुराग शर्मा की आवाज़ में सुदर्शन रत्नाकर की लघुकथा "विश्वसनीय" का पॉडकास्ट सुना था। आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं उषा छाबड़ा की बालकथा "खेल", उन्हीं के स्वर में।

इस बालकथा का टेक्स्ट उनके ब्लॉग अनोखी पाठशाला पर उपलब्ध है। इस बालकथा का कुल प्रसारण समय 3 मिनट 8 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।



इंसानियत की मशाल सब मिलकर उठाएँ
जश्न मानवता का एक जुट हों मनाएँ
चलो सब एक हो नया गीत गुनगुनाएँ
प्रेम के संदेश को जन जन में फैलाएँ
~ उषा छाबड़ा

हर सप्ताह यहीं पर सुनें एक नयी कहानी


"बड़ी हुई तो क्या हुआ। मैं तो उससे बात भी नहीं करूंगा।"
(उषा छाबड़ा की "खेल" से एक अंश)



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यदि आप इस पॉडकास्ट को नहीं सुन पा रहे हैं तो नीचे दिये गये लिंक से डाऊनलोड कर लें:
खेल MP3

#Nineteenth Story, Khel: Usha Chhabra/Hindi Audio Book/2017/19. Voice: Usha Chhabra

Tuesday, November 1, 2016

माधव नागदा की लघुकथा माँ

लोकप्रिय स्तम्भ "बोलती कहानियाँ" के अंतर्गत हम हर सप्ताह आपको सुनवाते रहे हैं नई, पुरानी, अनजान, प्रसिद्ध, मौलिक और अनूदित, यानि के हर प्रकार की कहानियाँ। इस शृंखला में पिछली बार आपने पूजा अनिल के स्वर में  दीपक मशाल की कथा "निमंत्रण" का पाठ सुना था।

इस बार हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं माधव नागदा की लघुकथा माँ, जिसे स्वर दिया है अनुराग शर्मा ने।

प्रस्तुत लघुकथा "माँ" का कुल प्रसारण समय 3 मिनट 29 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। इस लघुकथा का गद्य सेतु पत्रिका के अक्टूबर अंक में पढा जा सकता है।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

“बिग बॉस हम सबके भीतर रहता है रोड़ीलाल।”
 ~ माधव नागदा

हर सप्ताह यहीं पर सुनें एक नयी हिन्दी कहानी

“गले लगी है, बहुत दिनों बाद, रमेश को लगता है कि उसकी बाँहों में कैक्टस उग आये हैं।”
 (माधव नागदा की लघुकथा "माँ" से एक अंश)


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माँ MP3

#Nineteenth Story, Maan; Madhav Nagda; Hindi Audio Book/2016/19. Voice: Anurag Sharma

Tuesday, September 27, 2016

दीपक मशाल की लघुकथा निमंत्रण

लोकप्रिय स्तम्भ "बोलती कहानियाँ" के अंतर्गत हम हर सप्ताह आपको सुनवाते रहे हैं नई, पुरानी, अनजान, प्रसिद्ध, मौलिक और अनूदित, यानि के हर प्रकार की कहानियाँ। पिछली बार आपने पूजा अनिल के स्वर में संतोष श्रीवास्तव की कथा "शहतूत पक गये हैं" का पाठ सुना था।

24 सितम्बर को दीपक मशाल को जन्मदिन की शुभकामनाओं के साथ प्रस्तुत है उनकी लघुकथा निमंत्रण, जिसे स्वर दिया है पूजा अनिल ने।

प्रस्तुत लघुकथा "निमंत्रण" का कुल प्रसारण समय 4 मिनट 55 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

कुछ बड़े लोगों से मिला था कभी,
तबसे कोई बड़ा नहीं लगता
इतनी बौनी है दुनिया कि कोई,
खड़ा हुआ भी खड़ा नहीं लगता
 ~ दीपक मशाल

हर सप्ताह यहीं पर सुनें एक नयी हिन्दी कहानी

"सेठजी के लिये यह बात अनुभवों की गिनती में इजाफा भर नहीं थी।”
 (दीपक मशाल की लघुकथा "निमंत्रण" से एक अंश)


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निमंत्रण MP3

#Eighteenth Story, Nimantran; Dipak Mashal; Hindi Audio Book/2016/18. Voice: Pooja Anil

Tuesday, February 18, 2014

मुंशी प्रेमचंद स्त्री और पुरुष

इस लोकप्रिय स्तम्भ "बोलती कहानियाँ" के अंतर्गत हम हर सप्ताह आपको सुनवाते रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछली बार आपने अनुराग शर्मा के स्वर में मुनीश शर्मा की कथा "लघु बोधकथा" सुना था।

आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं मुंशी प्रेमचंद द्वारा लिखित कहानी स्त्री और पुरुष जिसे स्वर दिया है माधवी चारुदत्ता ने।

प्रस्तुत व्यंग्य का गद्य "भारत डिस्कवरी" पर उपलब्ध है। "स्त्री और पुरुष" का कुल प्रसारण समय 15 मिनट 26 सेकंड है। सुनिए और बताइये कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।





मैं एक निर्धन अध्यापक हूँ ... मेरे जीवन मैं ऐसा क्या ख़ास है जो मैं किसी से कहूं
 ~ मुंशी प्रेमचंद (१८८०-१९३६)


हर सप्ताह यहीं पर सुनें एक नयी हिन्दी कहानी


"उन्होंने उस सुंदरी की कल्पना करनी शुरू की जो उनके हृदय की रानी होगी; उसमें ऊषा की प्रफुल्लता होगी, पुष्प की कोमलता, कुंदन की चमक, बसंत की छवि, कोयल की दनि ... ”
 (मुंशी प्रेमचंद कृत "स्त्री और पुरुष" से एक अंश)


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स्त्री और पुरुष MP3

#Third Story, Stree Aur Purush : Munshi Premchand Hindi Audio Book/2014/03. Voice: Madhavi Charudatta

Tuesday, September 24, 2013

मुंशी प्रेमचंद कृत शिकारी राजकुमार

इस लोकप्रिय स्तम्भ "बोलती कहानियाँ" के अंतर्गत हम हर सप्ताह आपको सुनवाते रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने माधवी चारुदत्ता के स्वर में मुंशी प्रेमचंद द्वारा लिखित व्यंग्य "मोटर की छींटें" सुना था।

आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं मुंशी प्रेमचंद द्वारा लिखित रोचक कहानी शिकारी राजकुमार जिसे स्वर दिया है माधवी चारुदत्ता ने।

प्रस्तुत कहानी का गद्य "भारत डिस्कवरी" पर उपलब्ध है। "शिकारी राजकुमार" का कुल प्रसारण समय 23 मिनट 33 सेकंड है। सुनिए और बताइये कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।





मैं एक निर्धन अध्यापक हूँ ... मेरे जीवन मैं ऐसा क्या ख़ास है जो मैं किसी से कहूं
 ~ मुंशी प्रेमचंद (१८८०-१९३६)


हर सप्ताह यहीं पर सुनें एक नयी हिन्दी कहानी


"मृग पृथ्वी पर पड़ा तड़प रहा था और उस अश्वारोही की भयंकर और हिंसाप्रिय आँखों से प्रसन्नता की ज्योति निकल रही थी।”
 (मुंशी प्रेमचंद कृत "शिकारी राजकुमार" से एक अंश)


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शिकारी राजकुमार MP3

#31st Story, Shikari Rajkumar: Munshi Premchand Hindi Audio Book/2013/31. Voice: Madhavi Charudatta

Tuesday, August 20, 2013

खत जो लिखा नहीं गया - शिशिर कृष्ण शर्मा

इस लोकप्रिय स्तम्भ "बोलती कहानियाँ" के अंतर्गत हम हर सप्ताह आपको सुनवाते रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने अनुराग शर्मा के स्वर में उन्हीं का लिखा लघु संस्मरण "पाकिस्तान में एक ब्राह्मण की आत्मा" सुना था।

आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं प्रसिद्ध फिल्म इतिहासकार, पत्रकार और लेखक शिशिर कृष्ण शर्मा द्वारा कश्मीर के मार्मिक हालात पर लिखित हृदयस्पर्शी कहानी खत जो लिखा नहीं गया जिसे स्वर दिया है अनुराग शर्मा ने।

जनसत्ता सबरंग के दिसम्बर 1998 अंक में प्रकाशित प्रस्तुत कथा का गद्य "व्यंग्योपासना ब्लॉग" पर उपलब्ध है। "खत जो लिखा नहीं गया" का कुल प्रसारण समय 13 मिनट 11 सेकंड है। सुनिए और बताइये कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।




सालभर में कई कई रंग बदलते हैं ये पहाड़। इन दिनों जब वृक्षों पर नए पत्ते और फूल आते हैं तो पहाड़ों का रंग सुनहरी हो उठता है ! ...लालिमा लिए हुए सुनहरी।
 ~ शिशिर कृष्ण शर्मा

हर सप्ताह यहीं पर सुनें एक नयी हिन्दी कहानी

"इंसान से हम भेड़-बकरियों में तब्दील हो गए। बहुत बुरा सुलूक़ करते थे वो लोग हमारे साथ।”
 (शिशिर कृष्ण शर्मा कृत "खत जो लिखा नहीं गया" से एक अंश)


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खत जो लिखा नहीं गया MP3

#28th Story, Khat Jo Likha Nahin Gaya: Shishir Krishna Sharma Hindi Audio Book/2013/28. Voice: Anurag Sharma

Tuesday, May 7, 2013

एक औरत: तीन बटा चार - सुधा अरोड़ा

इस साप्ताहिक स्तम्भ "बोलती कहानियाँ" के अंतर्गत हम हर सप्ताह आपको सुनवाते रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने अर्चना चावजी के स्वर में मुंशी प्रेमचंद की अमर कहानी "दो बैलों की कथा" का पाठ सुना था।

आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं सुधा अरोड़ा की कहानी एक औरत: तीन बटा चार जिसे स्वर दिया है अनुराग शर्मा ने।

कहानी "एक औरत: तीन बटा चार" का गद्य अभिव्यक्ति पर उपलब्ध है। इस कथा का कुल प्रसारण समय 13 मिनट 10 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।


आत्माएं कभी नहीं मरतीं। इस विराट व्योम में, शून्य में, वे तैरती रहती हैं - परम शान्त होकर। ~ सुधा अरोड़ा

परिचय: चार अक्तूबर १९४६ को लाहौर में जन्मी सुधा जी की शिक्षा-दीक्षा कोलकाता में हुई जहां उन्होंने अध्यापन भी किया। एकदम विशिष्ट पहचान वाली अपनी कहानियों के लिए जानी गयी सुधा जी की जहां अनेकों पुस्तकें प्रकाशित हुई हैं वहीं वे सम्पादन और स्तम्भ लेखन से भी जुडी हैं। वे आजकल मुम्बई में रहती हैं।

हर सप्ताह यहीं पर सुनें एक नयी हिन्दी कहानी

“कार्निस पर रखी हुई आधुनिक फ्रेमों में जड़ी विदेशी पृष्ठभूमि में एक स्वस्थ - संतुष्ट दंपति के बीच एक खूबसूरत लड़की की तस्वीर थी।”
 (सुधा अरोड़ा रचित "एक औरत: तीन बटा चार" से)


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एक औरत: तीन बटा चार MP3

#16th Story, Ek Aurat Teen Bata Chaar: Sudha Arora/Hindi Audio Book/2013/16. Voice: Anurag Sharma

Friday, August 17, 2012

कहानी पॉडकास्ट - बचपन - उषा महाजन - शेफाली गुप्ता

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछली बार आपने शेफाली गुप्ता की आवाज़ में उषा प्रियंवदा की कथा "वापसी" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार उषा महाजन की कहानी "बचपन", जिसको स्वर दिया है शेफाली गुप्ता ने।

बिखरते रिश्ते का पाठ्य अभिव्यक्ति पर उपलब्ध है।

इस कहानी का कुल प्रसारण समय 17 मिनट 41 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

उषा महाजन एक स्वतन्त्र पत्रकार हैं।
~ जन्म : 30 सितम्बर, 1948, देवरिया (उ.प्र.). इलाहाबाद विश्वविद्यालय से स्नातक (1968 में). हिन्दी अकादमी का ‘साहित्यिक कृति सम्मान, के. के. बिड़ला फाउण्डेशन फेलोशिप (1993-1994)

हर शुक्रवार को "बोलती कहानियाँ" पर सुनें एक नयी कहानी

"बहुत महँगा साबुन है। अच्छी तरह मल-मलकर नहाना, समझी! और सुन, जो नया फ्रॉक तुझे पिंकी की मम्मी ने दिया है, वही पहनना।" (उषा महाजन की "बचपन" से एक अंश)

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#28th Story, Bachpan: Usha Mahajan/Hindi Audio Book/2012/28. Voice: Shaifali Gupta

Friday, August 3, 2012

कहानी पॉडकास्ट - वापसी - उषा प्रियंवदा - शेफाली गुप्ता

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने शेफाली गुप्ता की आवाज़ में सुधा ओम ढींगरा की कथा "बिखरते रिश्ते" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार उषा प्रियंवदा की कहानी "वापसी", जिसको स्वर दिया है शेफाली गुप्ता ने।

"वापसी" का पाठ्य हिन्दी साहित्य ब्लॉग पर उपलब्ध है।

इस कहानी का कुल प्रसारण समय 22 मिनट 10 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

उषा प्रियंवदा आज हिंदी कहानी का एक महत्वपूर्ण हस्ताक्षर हैं। परिवार और समाज की विसंगतियों और विडंबनाओं को उन्होंने जितनी सूक्ष्मता से चित्रित किया है, उतनी ही व्यापकता में व्यक्ति के बाह्य और आंतरिक संसार के बीच के संबंध को भी उकेरा है।
tu।

हर शुक्रवार को "बोलती कहानियाँ" पर सुनें एक नयी कहानी

"पढने का तो बहाना है, कभी जी ही नहीं लगता।"
(उषा प्रियंवदा की "वापसी" से एक अंश)

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#27th Story, Vapasi: Usha Priyamvada/Hindi Audio Book/2012/27. Voice: Shaifali Gupta

Friday, July 20, 2012

कहानी पॉडकास्ट - बिखरते रिश्ते - सुधा ओम ढींगरा - शेफाली गुप्ता

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने अर्चना चावजी की आवाज़ में प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार हरिशंकर परसाई की कथा "चौबे जी" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं सुधा ओम ढींगरा द्वारा लिखित हृदयस्पर्शी कहानी "बिखरते रिश्ते", जिसको स्वर दिया है शेफाली गुप्ता ने।

बिखरते रिश्ते का पाठ्य रचनाकार ब्लॉग पर उपलब्ध है।

इस कहानी का कुल प्रसारण समय 19 मिनट 38 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

यहाँ तो बच्चे तीन-चार भाषाएँ सीखते हैं, पर बोलते अपनी मातृभाषा हैं। इसके लिए माँ-बाप को कोशिश करने की बहुत जरूरत है। हिंदी को लेकर कुंठित न हों।~ सुधा ओम ढींगरा

सुधा ओम ढींगरा अमेरिका में हिंदी के प्रचार-प्रसार के लिए जुटीं हैं। वे नार्थ कैरोलाईना में रहती हैं।

हर शुक्रवार को "बोलती कहानियाँ" पर सुनें एक नयी कहानी

"आकाश मुस्करा कर रुक गए ...। जब भी वह तनाव में होती है, वे बस मुस्करा देते हैं, कहते कुछ नहीं।" (सुधा ओम ढींगरा की "बिखरते रिश्ते" से एक अंश)

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#26th Story, Bikharate Rishte: Sudha Om Dhingra/Hindi Audio Book/2012/26. Voice: Shaifali Gupta

Friday, July 13, 2012

कहानी पॉडकास्ट - चौबे जी - हरिशंकर परसाई - अर्चना चावजी

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने शेफाली गुप्ता की आवाज़ में श्रीमती रीता पाण्डेय की रचना "नज़ीर मियाँ की खिचड़ी" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार हरिशंकर परसाई का व्यंग्य "चौबे जी", जिसको स्वर दिया है अर्चना चावजी ने।

कहानी का कुल प्रसारण समय 5 मिनट 13 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

मेरी जन्म-तारीख 22 अगस्त 1924 छपती है। यह भूल है। तारीख ठीक है। सन् गलत है। सही सन् 1922 है। ।
 ~ हरिशंकर परसाई (1922-1995)

हर शुक्रवार को "बोलती कहानियाँ" पर सुनें एक नयी कहानी

"आयुष्मान अब डिप्टी कलक्टर हो गया है।"
(हरिशंकर परसाई की "चौबे जी" से एक अंश)

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#25th Story, Chaube Ji ki Katha: Harishankar Parsai/Hindi Audio Book/2012/25. Voice: Archana Chaoji

Friday, June 29, 2012

कहानी पॉडकास्ट: "बाप बदल" व "लड़ाई" - हरिशंकर परसाई - अर्चना चावजी

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने शेफाली गुप्ता की आवाज़ में श्रीमती रीता पाण्डेय की रचना "संकठा प्रसाद लौट आये हैं" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार हरिशंकर परसाई के दो व्यंग्य "बाप बदल", एवं "लड़ाई" जिन्हें स्वर दिया है अर्चना चावजी ने।

इन दो कहानियों का कुल प्रसारण समय 5 मिनट 29 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

मेरी जन्म-तारीख 22 अगस्त 1924 छपती है। यह भूल है। तारीख ठीक है। सन् गलत है। सही सन् 1922 है। ।
 ~ हरिशंकर परसाई (1922-1995)

हर शुक्रवार को "बोलती कहानियाँ" पर सुनें एक नयी कहानी

"उनका सौवाँ जन्मदिन तब पड़ रहा था जब उनका लड़का मुख्यमंत्री था।"
(हरिशंकर परसाई की "बाप बदल" से एक अंश)

यूँ तो चोपड़ा साहब और साहनी साहब का स्वभाव और व्यक्तित्व ऐसा था कि उन्हें अलग से कुत्ता रखने की जरुरत नहीं थी, वे ही काफी थे।
(हरिशंकर परसाई के व्यंग्य "लड़ाई" से एक अंश)

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#23rd Story, Baap Badal & Ladai: Harishankar Parsai/Hindi Audio Book/2012/23. Voice: Archana Chaoji

Friday, June 22, 2012

कहानी पॉडकास्ट - संकठा प्रसाद लौट आये हैं - रीता पाण्डेय

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने अर्चना चावजी की आवाज़ में प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार हरिशंकर परसाई की कथा "सुशीला" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं श्रीमती रीता पाण्डेय की रचना "संकठा प्रसाद लौट आये हैं", जिसको स्वर दिया है शेफाली गुप्ता ने।

संकठा प्रसाद लौट आये हैं का टेक्स्ट श्री ज्ञानदत्त पाण्डेय के प्रसिद्ध ब्लॉग मानसिक हलचल पर अतिथि पोस्ट के रूप में उपलब्ध है।

इस कहानी का कुल प्रसारण समय 4 मिनट 24 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

जब तक कसा न जाये, तब तक कोई सक्रिय नहीं होता, न व्यक्ति न तन्त्र।
~ श्रीमती रीता पाण्डेय
श्रीमती रीता पाण्डेय गाँव विक्रमपुर, जिला भदोही से हैं। वे सपरिवार शिवकुटी (उ.प्र.) में रहती हैं।

हर शनिवार को "बोलती कहानियाँ" पर सुनें एक नयी कहानी

"संकठा प्रेम नगर की सीढ़ियां चढ़ते गये। लड़की को समोसा – लौंगलता खिलाये। फिर मोटरसाइकल पर बैठा कर प्रेम गली में फर्राटा भरने लगे।" (श्रीमती रीता पाण्डेय की "संकठा प्रसाद लौट आये हैं" से एक अंश)

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#22nd Story, Susheela: Rita Pandey/Hindi Audio Book/2012/22. Voice: Shaifali Gupta

Friday, June 15, 2012

कहानी पॉडकास्ट - सुशीला - हरिशंकर परसाई - अर्चना चावजी

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने अनुराग शर्मा की आवाज़ में कामेश्वर की मार्मिक कथा "चप्पल" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार हरिशंकर परसाई का व्यंग्य "सुशीला", जिसको स्वर दिया है अर्चना चावजी ने।

कहानी का कुल प्रसारण समय 3 मिनट 3 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

मेरी जन्म-तारीख 22 अगस्त 1924 छपती है। यह भूल है। तारीख ठीक है। सन् गलत है। सही सन् 1922 है। । ~ हरिशंकर परसाई (1922-1995)

हर शनिवार को "बोलती कहानियाँ" पर सुनें एक नयी कहानी

"आम बाज़ार भाव से तो लड़के की क़ीमत मांगते ही थे, इनके अशुद्ध होने का दण्ड पाँच छह हज़ार और मांगते थे।" (हरिशंकर परसाई की "सुशीला" से एक अंश)

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#21st Story, Susheela: Harishankar Parsai/Hindi Audio Book/2012/21. Voice: Archana Chaoji

Friday, June 1, 2012

बालकवि बैरागी की कहानी "बाइज्जत बरी"

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने युवा लेखक गिरिजेश राव की कहानी ""गुम्मी"" का पॉडकास्ट अनुराग शर्मा की आवाज़ में सुना था। आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं श्री बालकवि बैरागी की कहानी "बाइज्जत बरी", जिसको स्वर दिया है अनुराग शर्मा ने। कहानी "बाइज्जत बरी" का कुल प्रसारण समय 4 मिनट 7 सेकंड है।

सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

इस कथा का टेक्स्ट एकोऽहम् पर उपलब्ध है।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

"जब हिन्दी के सामने ही अस्तित्व का संकट है तो बोलियों की सुरक्षा के लिये तो हमें ही आगे आना होगा।"
~ बालकवि बैरागी

हर हफ्ते रेडियो प्लेबैक पर सुनें एक नयी कहानी

"एक तो तस्कर और पुलिस की मिली-भगत और दूसरी - खुद को चतुर-चालाक, सक्षम और कुशल साबित करने का उत्साह।"
(बालकवि बैरागी की कहानी "बाइज्जत बरी" से एक अंश)

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#19th Story, Baizzat Bari: Balkavi Bairagi/Hindi Audio Book/2012/19. Voice: Anurag Sharma

Thursday, May 24, 2012

गिरिजेश राव की कहानी "गुम्मी"

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने युवा लेखक अभिषेक ओझा की कहानी ""अच्छा बुरा"" का पॉडकास्ट एकता अग्रवाल की आवाज़ में सुना था। आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं गिरिजेश राव की कहानी "गुम्मी", जिसको स्वर दिया है अनुराग शर्मा ने। कहानी "गुम्मी" का कुल प्रसारण समय 4 मिनट 14 सेकंड है।


सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

इस कथा का टेक्स्ट एक आलसी का चिठ्ठा पर उपलब्ध है।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

"पास बैठो कि मेरी बकबक में नायाब बातें होती हैं। तफसील पूछोगे तो कह दूँगा,मुझे कुछ नहीं पता "
~ गिरिजेश राव

हर हफ्ते रेडियो प्लेबैक पर सुनें एक नयी कहानी

"वे दोनों बहुत नाराज़ हुए कि रात को ही बताना था। असल में वे सुखदा में घबराहट की कमी देख कुछ अधिक ही घबरा गए।"
(गिरिजेश राव की कहानी "गुम्मी" से एक अंश)

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#18th Story, Gummi: Girijesh Rao/Hindi Audio Book/2012/18. Voice: Anurag Sharma

Friday, February 10, 2012

बोलती कहानियाँ - शत्रु - सच्चिदानंद हीरानंद वात्स्यायन 'अज्ञेय' - अनुभव प्रिय

'बोलती कहानियाँ' स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने अनुराग शर्मा की आवाज़ में दीपक बाबा की कहानी "ईमानदार प्रधान" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार 'अज्ञेय' द्वारा लिखित लघु कथा "शत्रु", जिसको स्वर दिया है, दिल्ली पब्लिक स्कूल, पटना में नवीं कक्षा के छात्र अनुभव प्रिय ने।

कहानी का कुल प्रसारण समय 8 मिनट 16 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं तो अधिक जानकारी के लिए कृपया admin@radioplaybackindia.com पर सम्पर्क करें।

"अज्ञेय" को मरणोपरांत भारतीय ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
सच्चिदानंद हीरानंद वात्स्यायन 'अज्ञेय'(1911-1987)
हर शनिवार को आवाज़ पर सुनें एक नयी कहानी
"उसने देखा, एक स्त्री भूमि पर लेटी हुई थी।”
('अज्ञेय' की "शत्रु" से एक अंश)

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Fifth story, Shatru, Hindi Stories, Audio Book, 2012/5. Author: Agyeya. Voice: Anubhav Priya

Friday, January 13, 2012

गिरिजेश राव की कहानी "भूख"

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने प्रसिद्ध कथाकार हरिशंकर परसाई की "बेचारा भला आदमी" का पॉडकास्ट अनुराग शर्मा की आवाज़ में सुना था। आज हम आपकी सेवा में प्रस्तुत कर रहे हैं गिरिजेश राव की कहानी "भूख", जिसको स्वर दिया है सलिल वर्मा ने।

कहानी "भूख" का कुल प्रसारण समय 10 मिनट 56 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं। इस कथा का टेक्स्ट एक आलसी का चिठ्ठा पर उपलब्ध है।

 यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं हमसे संपर्क करें। अधिक जानकारी के लिए कृपया अधिक जानकारी के लिए कृपया हमें admin@radioplaybackindia.com पर संपर्क करें।

"पास बैठो कि मेरी बकबक में नायाब बातें होती हैं। तफसील पूछोगे तो कह दूँगा,मुझे कुछ नहीं पता "
~ गिरिजेश राव

     हर शनिवार को आवाज़ पर सुनें एक नयी कहानी

"उसे पता था कि घर पहुँचने पर रात नौ बजे तक एक कप चाय और दो बिस्कुटों के अलावा कुछ नहीं मिलने वाला। कुछ और माँगने पर मोटापे का ताना मिलता था।"
 (गिरिजेश राव की कहानी "भूख" से एक अंश)

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#Second Story, Bhookh: Girijesh Rao/Hindi Audio Book/2012/02. Voice: Salil Varma

Friday, January 6, 2012

बोलती कहानियाँ - बेचारा भला आदमी - हरिशंकर परसाई

'बोलती कहानियाँ' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने अमित तिवारी की आवाज़ में हरिशंकर परसाई की कहानी "टार्च बेचने वाले" का पॉडकास्ट सुना था। आवाज़ की ओर से आज हम लेकर आये हैं प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार हरिशंकर परसाई का व्यंग्य "बेचारा भला आदमी", जिसको स्वर दिया है अनुराग शर्मा ने।

कहानी का कुल प्रसारण समय 9 मिनट 4 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

यदि आप भी अपनी मनपसंद कहानियों, उपन्यासों, नाटकों, धारावाहिको, प्रहसनों, झलकियों, एकांकियों, लघुकथाओं को अपनी आवाज़ देना चाहते हैं हमसे संपर्क करें। अधिक जानकारी के लिए कृपया अधिक जानकारी के लिए कृपया हमें admin@radioplaybackindia.com पर संपर्क करें

Friday, December 30, 2011

बोलती कहानियाँ - टार्च बेचने वाले - हरिशंकर परसाई

'सुनो कहानी' इस स्तम्भ के अंतर्गत हम आपको सुनवा रहे हैं प्रसिद्ध कहानियाँ। पिछले सप्ताह आपने अनुराग शर्मा की आवाज़ में गिरिजेश राव की कहानी "राजू के नाम एक पत्र"  का पॉडकास्ट सुना था। रेडियो प्लेबैक इंडिया  की ओर से आज हम लेकर आये हैं प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार हरिशंकर परसाई की कहानी "टार्च बेचने वाले ", जिसको स्वर दिया है अमित तिवारी ने।

कहानी का कुल प्रसारण समय 12 मिनट 04 सेकंड है। सुनें और बतायें कि हम अपने इस प्रयास में कितना सफल हुए हैं।

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