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Wednesday, September 24, 2008

एक गीत मेरी जीवन संगिनी के लिए - जे एम सोरेन

किशोर कुमार के जबरदस्त फैन जे एम सोरेन ख़ुद को एक गायक पहले मानते हैं, उनके अपने शब्दों में अगर कहें तो संगीत उनका पहला प्यार, पहला जनून है और संगीत ही उनकी आत्मा उनकी सांसें और जीवन का ओक्सिजेन है. सोरेन गीटार सिखाते हैं साथ ही सीखना भी जारी है. आज कल CAC कोच्ची से पाश्चात्य संगीत में ग्रेड परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं. फ़िल्म जगत में बतौर गायक / संगीतकार अपनी पहचान बनाने के इच्छुक सोरेन आर डी बर्मन उर्फ़ पंचम को अपना गुरु मानते हैं.
हमने की ओ मुनिया के रचेता जे एम् सोरेन से कुछ ख़ास बातें -

हिंद युग्म - सम्मोहन और ओ मुनिया दोनों बिल्कुल अलग अलग फ्लेवर के गीत है सोरेन, क्या ये एक सोची समझी कोशिश थी मुक्तलिफ़ अंदाज़ में ख़ुद को परोसने की...?

सोरेन -नहीं ऐसी कोई बात नहीं है की ये एक सोची समझी कोशिश थी. हाँ ये बात ज़रूर है की सम्मोहन और मुनिया दोनों अलग अलग किस्म के गाने हैं. चाहें जिस फ्लेवर के गाने हों ये दोनों अपने को प्रिय हैं. क्योंकि गाने की डिमांड थी इसलिए गाना ऐसा बनाया मैंने. पहले वैसे मैंने किसी डांस गीत पर उतना ज़्यादा काम नहीं किया था. हाँ इच्छा ज़रूर थी और मैं सोचता हूँ कि मेरी कोशिश कामयाब हुई.

हिंद युग्म- आपके बारे में हमारे श्रोता अक्सर confuse रहते हैं, कभी हम बताते हैं की आप लखनऊ से हैं कभी वो देखते हैं कि कोची में रिकॉर्डिंग हो रही है, मूल रूप से आप कहाँ से हैं, कुछ अपने बारे में बताएं ?

सोरेन - मैं वैसे झारखण्ड से हूँ. परवरिश मेरी लखनऊ में हुई चूँकि मेरे पिताजी वहां रेलवे में कार्यरत थे. पढ़ाई पूरी करने के उपरांत मेरी नौकरी बैंक में लग गई. चूँकि मैं ऑफिसर हूँ इसलिए मेरा इस वक्त कोच्ची में पोस्टिंग है. कोच्ची में आने की वजह ये है कि मुझे हिन्दुस्तानी में रूचि तो है लेकिन पाश्चात्य संगीत में थोड़ा ज़्यादा है. मैं वैसे गिटारिस्ट हूँ और पाश्चात्य संगीत में शिक्षा के उद्देश्य से ही मैंने कोच्ची में पोस्टिंग मांगी और ईश्वर की कृपा से मिल भी गई..

हिंद युग्म - ज्योति मुन्ना सोरेन, उर्फ़ मार्टिन सोरेन इन नामों के पीछे सोरेन के कितने चेहरे हैं ?

सोरेन -ज्योति मुन्ना सोरेन और मार्टिन सोरेन एक ही हैं. हकीक़त ये है की मैंने ऑरकुट प्रोफाइल पहले मार्टिन क नाम से बनाया था. मैं ज़्यादा सीरियस नहीं था ऑरकुट में लेकिन जब देखा की मेरे जानने वाले मुझे पहचान नहीं पा रहे हैं तो मुझे अपना असली नाम सामने रखना पड़ा. वैसे भी नाम में क्या रखा हैं . Shakespeare ने कहा है की अगर गुलाब को आप गुलाब नहीं कहोगे तो भी वो गुलाब की तरह ही महकेगा.

हिंद युग्म - आने वाले सालों के लिए संगीत को लेकर क्या योजनायें हैं ?

सोरेन -बहुत सी हैं भाई. अभी बहुत काम करना है. समय निकालना है करने के लिए. अब क्योंकि मेरा परिवार मेरे साथ है तो समय ही समय है. अभी मेरे म्यूजिक बैंक में काफी tracks मैंने save करके रखे हैं. उनको थोड़ा सा पोलिश करके श्रोताओं के सामने परोसना है. और सजीव का साथ तो रहेगा ही रहेगा. क्योंकि मैं कुछ और दुसरे प्रोजेक्ट से कोन्नेक्टेद हूँ इसीलिए कुछ व्यस्त ज़रूर हूँ. हिन्द युग्म के लिए वैसे समय ही समय है. कुछ नया करने की ख्वाहिश है. कुछ बड़ा प्रोजेक्ट मिलने की उम्मीदें भी हैं. एक पर काम भी चल रहा है.. वक्त आने पर मैं ज़रूर बताऊँगा

हिंद युग्म - हिंद युग्म आवाज़ के साथ अब तक का अनुभव कैसा रहा आपका, आपको लगता है क्या की आवाज़ संगीत की दिशा में एक सही पहल है ?

सोरेन -बहुत ही अच्छा अनुभव है और हमेशा याद रहेगा. पहले लोग जहाँ पर मैं रहता था वहां जानते थे परन्तु अब देश के कोने कोने में लोग जानने लगे हैं. एक सपना सच होते हुए दिख रहा है. हर चीज़ का एक वक्त होता है. सबका समय आयेगा. और हाँ आवाज़ एक बहुत ही अच्छी पहल है. किसी ने सोचा नहीं और आप लोगों ने कर दिखाया. IT' S DIFFERENT. अगर आपको जिंदगी में कुछ करना है तो आपको कुछ अलग करना पड़ेगा. तभी आप SUCCESSFUL कहलायेंगे. हिंद युग्म एक SUCCESS है लोगों की प्रतिभा लोगों के सामने लाने का पहला कदम और वो भी सफल प्रयास. HATS OFF TO हिंद युग्म

हिंद युग्म - चलते चलते युग्म के श्रोताओं के लिए कुछ ख़ास हो जाए सोरेन.

सोरेन - I remember when I was in the 1st standard, everybody was getting a prize for something or the other on the final day of our school. I also wished that I should get something and lo my name was called and I got the first prize for singing. Sorry to say I lost that prize but I still treasure those moments.

Because of music only I fell in love with a girl who too fell in love with me Today i am a happily married man and ya friends she is my wife now. We share the same interests. She is not so good at singing becoz she is not confident although she can sing, but nonetheless she is a good listener and this is what I want. Today is 24th of September, My wife's birthday. So I am going to present a song for my wife.

हिंद युग्म - अरे वाह सोरेन ये तो बहुत ही खूबसूरत इत्तेफाक है, सुनाईये -

सोरेन - इसे मैंने ख़ुद लिखा, स्वरबद्ध किया और गाया भी है ( जाहिर है ) और मुझे लगता है कि ये गीत मेरी अर्धागिनी और जीवन संगिनी के लिए एक PERFECT तोहफा होगा उनके जन्मदिन पर. सुनिए -



God bless हिंद युग्म and all those who are directly or indirectly connected to it.

शुक्रिया सोरेन, इसी बात पर दोस्तों एक बार फ़िर से सुनें सोरेन का ये नया गीत "ओ मुनिया"(नीचे के पोस्टर पर क्लिक करें)और अपने विचार देकर इस उभरते हुए बेहद प्रतिभाशाली संगीतकार /गायक को प्रोत्साहित करें -



आप भी इसका इस्तेमाल करें

Friday, September 19, 2008

ओ मुनिया मेरी गुड़िया...जरा संभल के चल...

दूसरे सत्र के बारहवें गीत का विश्वव्यापी उदघाटन आज.

आज जो गीत हम लेकर उपस्थित हैं वो अब तक के सभी गीतों से कुछ तेज़ रफ़्तार का है, दरअसल "पहला सुर" एल्बम में अपने सम्मोहन से सबको सम्मोहित करने वाले जे एम् सोरेन ने इस गीत के साथ दूसरे सत्र में पहली बार अपनी उपस्थिति दर्ज करायी है. सम्मोहन को सुनने के बाद एक फ़िल्म निर्देशक 'यश' ने युग्म से संपर्क किया, वो सोरेन से अपनी एक फ़िल्म का शीर्षक गीत बनवाना चाहते थे, शीर्षक था- "पापा अंकल". कुछ हद तक फ़िल्म की कहानी का भाव है गीत में.
आजकल इसके एक डेमो विडीयो पर काम जारी है. यश जी इस गीत को आवाज़ पर लाकर जानना चाहते हैं कि उनकी फ़िल्म के इस शीर्षक गीत में कितना दम है.गीतकार हैं सजीव सारथी और गीत को आवाज़ दी है ख़ुद जे एम् सोरेन ने, गीत पूरी टीम की उपस्थिति में कोच्ची के CAS स्टूडियो में रिकॉर्ड हुआ है, बेस गीटार पर है लिओन और मिक्सिंग का काम संभाला है रोबिन ने. तो प्रस्तुत है हमारे गुणी संगीत प्रेमी साथियों के मधुर कानों के लिए ये ताज़ातरीन गीत "ओ मुनिया"...अपनी राय हमें अवश्य बतायें.

गीत को सुनने के लिए नीचे के प्लेयर पर क्लिक करें -



J M Soren (sammohan fame from pahla sur) is back with his first entry in this new season. This is what he wants to say about the song -
"Hi folks, after a long time Sajeev has again put me in limelight. A good experience though, coz' for this song we were together. Believe me !! I had to postpone my leaves as I was going to Lucknow for my vacation. Man it was an experience. A small project nonetheless it was really a fun. Actually when Sajeev gave me this project i was happy as it was a different type of song for me. Generally i am into romantic. This was a dance number. It took me nearly a month to finish the minus track. Had to change it nearly 10 to 15 times.

Sometimes adding this sometimes deleting something. Actually composing never takes time but arrangement really eats up your HOURS. The dummy which i had made in was approved over the phone, but as i was finalising it , Sajeev could not approve it, even though i was sure. But when we mixed it in the studio before the " voice over " it turned out to be something different. To be more honest I really want to thank Sajeev for the final picture of the song. In fact the length was shorter. It wansn't spiced up but the incessant coaxing of Sajeev made me give the song a new dimension. Actually many of the other things we did in the CAC Studio were the ideas of Sajeev. Other things came out all by itself. Thanx to Leons for his walking BASS . We can't undermine the talent of Mr. Robin whose brains while mixing gives a song a new definition. I have tried to sing well---- actually this time i did not become PITCH-OUT. Hats of Soren -n- Sajeev."
Do let us know what is your opinion about the song.

To listen to the song please click on the player below -



Other Credits-

Lyrics --- Sajeev Sarathie
Singer --- J.M. Soren
Composer/ Arranger J.M.Soren
Rythm Guitarist. J.M.Soren
Bassist -- Leons
Sound Engineer -- Robin
Studio. -- CAC Digital Studio.

गीत के बोल ( lyrics )

ओ मुनिया मेरी गुडिया
ज़रा संभल के चल
ये दुनिया बड़ी ही शातिर है
तू भी ख़ुद को ज़रा बदल
ओ मुनिया

तू न जाने कदम कदम पर धोखे हैं हर राह में,
छल जाते है सपने अक्सर सपनों की इस चाह में,
काटों से अब बचके निकलना होगा तुझको नन्ही कली,
थाम के उंगली "पापा अंकल" की तू चलना भोली परी.
ओ मुनिया...

मोड़ हजारों आयेंगे जो सब्र तेरा आजमायेंगे,
ऐसे सितम भी होंगे जो दिल को दुख भी जायेंगे,
तूफानों से लड़ना होगा लेकर ये विश्वास तुझे,
'पापा अंकल" साथ हैं तेरे छूना है आकाश तुझे.
ओ मुनिया....

यदि आप इस पॉडकास्ट को नहीं सुन पा रहे हैं तो नीचे दिये गये लिंकों से डाऊनलोड कर लें (ऑडियो फ़ाइल तीन अलग-अलग फ़ॉरमेट में है, अपनी सुविधानुसार कोई एक फ़ॉरमेट चुनें)




VBR MP364Kbps MP3Ogg Vorbis


चित्र में सोरेन गीत को गाते हुए ( उपर ), CAS स्टूडियो में रोबिन और लिओन के साथ सजीव सारथी ( नीचे )

SONG # 12, SEASON # 02, "O MUNIYA" OPENED ON AWAAZ HIND YUGM ON 19/09/2008
Music @ Hind Yugm, Where music is a passion


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