Showing posts with label laxmikant pyarelal. Show all posts
Showing posts with label laxmikant pyarelal. Show all posts

Tuesday, May 17, 2011

मेरे जीवन साथी, प्यार किये जा.....एक अनूठा गीत जिसे लिखना वाकई बेहद मुश्किल रहा होगा आनंद बख्शी साहब के लिए भी

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 658/2011/98

लिफ़्ट के अंदर का सीन है। नायक और नायिका अंदर हैं। बीच राह पर ही नायक लिफ़्ट की बटन दबा कर लिफ़्ट रोक देता है। नायिका कहती है कि उसे हिंदी की कक्षा में जाना है, हिंदी की क्लास है। लेकिन नायक कहता है कि हिंदी की क्लास वो ख़ुद लेगा और वो ही उसे हिंदी सिखायेगा। लेकिन मज़े की बात तो यह है कि नायक दक्षिण भारतीय है जिसे हिंदी बिल्कुल भी नहीं आती। तो साहब यह था सीन और इसमे एक गीत लिखना था गीतकार आनंद बख्शी साहब को। अब आप ही बताइए कि इस सिचुएशन पर किस तरह का गीत लिखे कोई? नायक को हिंदी नही आती और उसे हिंदी में ही गीत गाना है। इस मज़ेदार सिचुएशन पर बख्शी साहब नें एक कमाल का गाना लिखा है जिसे सुनते हुए आप भी मुस्कुरा उठेंगे, और गीत में नायिका तो हँस हँस कर लोट पोट हो रही हैं। 'ओल्ड इज़ गोल्ड' के दोस्तों, आज 'गान और मुस्कान' की आठवीं कड़ी में प्रस्तुत है कमाल हासन और रति अग्निहोत्री पर फ़िल्माये १९८१ की फ़िल्म 'एक दूजे के लिए' से एस. पी. बालसुब्रह्मण्यम और अनुराधा पौडवाल का गाया "मेरे जीवन साथी प्यार किये जा"। जी हाँ, बक्शी साहब नें केवल फ़िल्मों के शीर्षकों को बेहद बुद्धिमत्ता और ख़ूबसूरती के साथ एक दूसरे से जोड़ते हुए पूरा गीत लिख डाला है और क्या कमाल का लिखा है! एक शीर्षक से दूसरे शीर्षक, दूसरे से तीसरे पर, कितनी सुंदरता से अवतरण हुआ है। और इस शृंखला के मुताबिक इस गीत में हँसी आप सुनेंगे अनुराधा पौडवाल की। वैसे तो पूरा गीत एस.पी साहब नें ही गाया है, लेकिन बीच बीच में कुछ शीर्षक अनुराधा नें भी कही हैं और मुख्यत: उनकी हँसी ही गीत में उनका योगदान है। इस फ़िल्म के बाकी गीतों में गायिका के तौर पर लता जी की आवाज़ ली गई है, बस एक इस गीत मे अनुराधा की आवाज़ ली गई है। इसके पीछे कारण तो यही लगता है कि इसमें एक कम उम्र की चुलबुली लड़की की आवाज़ चाहिए होगी, और गीत का अंदाज़ ज़रा मॉडर्ण भी है, इसलिए शायद लता जी नें परहेज़ किया होगा। ख़ैर, ये सब अनुमान मात्र ही है। हक़ीक़त यह है कि फ़िल्म के अन्य गीतों की तरह इस गीत की भी अपनी अलग पहचान है, अपना अलग वजूद है।

दोस्तों, आइए इस गीत के पूरे बोल यहाँ पर लिखें, और ज़रा हिसाब लगा कर देखें कि कुल कितने फ़िल्मों के नाम इस गीत में आये हैं। चलिए शुरु करते हैं - मेरे जीवन साथी, प्यार किये जा, जवानी-दीवानी, ख़ूबसूरत, ज़िद्दी, पड़ोसन, सत्यम शिवम सुंदरम। झूठा कहीं का, हरे रामा हरे कृष्णा, ४२० (श्री ४२०), आवारा, दिल ही तो है, आशिक़ हूँ बहारों का, तेरे मेरे सपने, तेरे घर के सामने, आमने-सामने, शादी के बाद, ओ बाप रे (बाप रे बाप), हमारे-तुम्हारे, मुन्ना (मेरा मुन्ना), गुड्डी, टीकू, मिली, शिन शिना की बबला बू, खेल खेल में, शोर, जॉनी मेरा नाम, चोरी मेरा काम, राम और श्याम, बंडलबाज़, लड़की, मिलन, गीत गाता चल, प्यार का मौसम, बेशरम। नॉटी बॉय, इश्क़ इश्क़ इश्क़, ब्लफ़ मास्टर, ये रास्ते हैं प्यार के, चलते चलते, मेरे हमसफ़र, दिल तेरा दीवाना, दीवाना-मस्ताना, छलिया, अंजाना, आशिक़, बेगाना, लोफ़र, अनाड़ी, बढ़ती का नाम दाढ़ी, चलती का नाम गाड़ी, जब प्यार किसी से होता है, सनम, जब याद किसी की आती है, जानेमन, बंधन, कंगन, चंदन, झूला, दिल दिया दर्द लिया, झनक झनक पायल बाजे, छम छमा छम, गीत गाया पत्थरों नें, सरगम। हाँ तो दोस्तों, कितने नाम हुए। कहीं मुझसे कोई नाम छूट तो नहीं गया? या कोई ग़लत नाम तो नहीं लिख गया? चलिए इसकी गिनती तो मैं आप पर ही छोड़ता हूँ, मैं तो लगा इस गीत को सुनने। फ़िल्म में संगीत लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल का है।



क्या आप जानते हैं...
कि गायक एस. पी. बाल्सुब्रह्मण्यम को 'एक दूजे के लिये' फ़िल्म में गायन के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 09/शृंखला 16
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र - बेहद आसान.
सवाल १ - किस गायिका की हँसी है इस गीत में - २ अंक
सवाल २ - फिल्म की नायिका कौन है - ३ अंक
सवाल ३ - गीतकार बताएं - १ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
अविनाश जी आपने शुक्रवार को जो जवाब दिया उसके जवाब सब पहले से आ चुके थे आपको नहीं दिखे क्योंकि ब्लोग्गर में कुछ गडबड के चलते वो सब डिलीट हो गए थे, खैर स्वागत है आपका, बात तो तब बने जब आप अमित जी और अनजाना जी को कुछ टक्कर दे सकें, हम कब से चाह रहे हैं कि इनके मुकाबले में कोई तो आये :)

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी



इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Tuesday, March 8, 2011

हु तू तू....सुनिए अन्तराष्ट्रीय महिला दिवस पर इस कब्बडी गीत को और सलाम कीजिए खेलों में जबरदस्त प्रदर्शन दिखाने वाली भारतीय महिलाओं को

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 608/2010/308

ज है ८ मार्च, यानी कि अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस। इस अवसर पर हम 'हिंद-युग्म' के सभी महिला मित्रों को हार्दिक शुभकामनाएँ देते हुए रोशन करते हैं 'ओल्ड इज़ गोल्ड' के महफ़िल की शमा। क्योंकि इन दिनों हम क्रिकेट की बातें कर रहे हैं, इसलिए आज हम चर्चा करेंगे भारतीय महिला क्रिकेट की और उसके बाद सुनवाएँगे एक ऐसा खेल प्रधान गीत जिसमें आपको नारीशक्ति की महक मिलेगी। भारतीय महिला क्रिकेट टीम का गठन सन् १९७३ में हुआ और इस टीम ने अपना पहला टेस्ट मैच १९७६/७७ में खेला, जिसमें वेस्ट इंडीज़ के साथ प्रतियोगिता ड्रॊ हुई थी। पिछले विश्वकप में अच्छा प्रदर्शन करते हुए भारत फ़ाइनल तक पहुँचा, लेकिन ऒस्ट्रेलिया पर जीत न हासिल कर पायी। साल २००६ में भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने इंगलैण्ड का दौरा किया जहाँ पर टेस्ट सीरीज़ १-० से अपने नाम किया, टी-२० जीता, लेकिन एक दिवसीय शृंखला ४-० से हार गयी। टीम की कप्तानी की झूलन गोस्वामी ने। ICC ने महिला क्रिकेट को बढ़ावा देने के लिए 'वीमेन्स क्रिकेट एसोसिएशन ऒफ़ इण्डिया' को 'भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड' (BCCI) के साथ मर्ज करवा दिया। महिला क्रिकेट विश्वकप में भारत की भागीदारी की बात करें तो ये रहा स्टैटिस्टिक्स:

१९७३: भाग नहीं लिया; १९७८: चतुर्थ स्थान; १९८२: चतुर्थ स्थान; १९८८: भाग नहीं लिया; १९९३: चतुर्थ स्थान; १९९७: तृतीय स्थान; २०००: तृतीय स्थान; २००५: द्वितीय स्थान; २००९: तृतीय स्थान

रेकॊर्ड्स की बात करें तो भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने सब से ज़्यादा ४६७ रन इंगलैण्ड के ख़िलाफ़ साल २००२ में बनाया था। सर्वाधिक रन बनाने का रेकॊर्ड मिताली राज के नाम दर्ज है, जिन्होंने उसी मैच में २१४ रन बनाये। बोलिंग में नीतू डेविड ने ५३ रन देकर ८ विकेट लिया था इंगलैण्ड के ख़िलाफ़ १९९५ को जमशेदपुर में। और झूलन गोस्वामी ने इंगलैण्ड के ही ख़िलाफ़ २००६ में ७८ रन देकर पूरे दस के दस विकेट्स लिए थे। दोस्तों, आज अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर हम सलाम करते हैं भारतीय महिला क्रिकेट टीम के सभी खिलाड़ियों को। और अब वादे के मुताबिक़ एक ऐसा गीत सुनिए जिससे नारी शक्ति की महक आ रही है। यह है फ़िल्म 'हमजोली' का कबड्डी वाला गीत "हु तु तु तु.... होशियार ख़बरदार, ख़बरदार होशियार"। आशा भोसले, कमल बारोट, और साथियों की आवाज़ों में यह मस्ती और प्रतियोगिता मूलक गीत है आनंद बक्शी साहब का लिखा हुआ और लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल का स्वरबद्ध किया हुआ। १९७० की इस फ़िल्म के इस गीत में लड़कियों की दो टीमों के बीच में कबड्डी की प्रतियोगिता हो रही है। जिस तरह से कबड्डी सांस पर नियंत्रण रखने का खेल है, ठीक वैसे ही आशा जी और कमल जी ने भी क्या सांसों को रोकने की क्षमता दिखाई है। गीत सुनिए, आपको अंदाज़ा हो जाएगा। ब्रेथलेस के साथ भले शंकर महादेवन का नाम जोड़ा जाता है, लेकिन इस गीत को सुनने के बाद तो यही लगता है कि ब्रेथलेस जौनर तो कब का ही शुरु हो चुका था फ़िल्म संगीत में। आइए मज़ा लेते हैं इस मिट्टी और खेलकूद से लवरेज़ गीत का।



क्या आप जानते हैं...
कि आशा भोसले और कमल बारोट ने साथ में बहुत से युगल गीत गाये, कुछ उल्लेखनीय फ़िल्में हैं - घराना, हमजोली, आवारा बादल, दिल्ली का दादा, यारी ज़िंदाबाद, बलराम श्रीकृष्ण, शंकर सीता अनुसुया, शमशीर, दो दुश्मन, जहाँ सती वहाँ भगवान, जंतर मंतर, श्री राम भरत मिलाप, श्रीमानजी, शेर ख़ान, वतन से दूर, सब का उस्ताद, माया जाल, गोल्डन आइज़ सीक्रेट एजेण्ट ०७७, महारानी पद्मिनी, किलर्स।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 09/शृंखला 11
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र - कोई सूत्र नहीं देंगे इसे थोडा मुश्किल ही रहने देते हैं.

सवाल १ - महेंद्र कपूर है पुरुष गायक, गायिका बताये - १ अंक
सवाल २ - एक भारतीय खेल की पंच लाईन के माध्यम से पति पत्नी की छेड़ छाड को दर्शाते इस मजेदार गीत के गीतकार बताये - ३ अंक
सवाल ३ - संगीतकार बताएं - २ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
आज पहेली जरा सख्त है....हमें यकीं है दिज्जगों को थोड़ी परेशानी जरूर होगी, एक मौका है लेट कामर्स के लिए....और अंजाना जी अभी हिम्मत मत हारिये इस शृंखला में एक और कैच है....मैदान में जमे रहिये :)

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी



इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Monday, March 7, 2011

लुका छुपी खेले आओ....खेलों से याद आते हैं न वो मासूम से खेल बचपन के जिनमें हार भी अपनी होती थी और जीत भी

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 607/2010/307

दोस्तों, इन दिनों आप ६ बजे ऒफ़िस की छुट्टी हो जाने के साथ ही भाग निकलते होंगे अपने अपने घर की तरफ़। अरे भई घर पहुँचकर टीवी जो ऒन करना है और क्रिकेट मैच जो देखना है! तो फिर शायद ६:३० बजे आपका 'आवाज़' पर पधारना भी नहीं होता होगा। लेकिन 'आवाज़ वेब रेडिओ सर्विस' की खासियत है कि इसमें पोस्ट होने वाले गीत व आलेख आप जब कभी भी मन करे सुन और पढ़ सकते हैं। 'ओल्ड इज़ गोल्ड' के दोस्तों नमस्कार, और आज 'खेल खेल में' शृंखला की सातवीं कड़ी में हम चर्चा करेंगे कि प्रथम क्रिकेट विश्वकप से पहले क्रिकेट का कैसा सीन हुआ करता था। क्या आपको पता है कि विश्व का पहला अंतर्राष्ट्रीय मैच कनाडा और संयुक्त राष्ट्र अमरीका के बीच २४ और २५ सितंबर १८४४ में खेला गया था। पहला टेस्ट मैच १८७७ में ऒस्ट्रेलिया और इंगलैण्ड के बीच खेला गया था और अगले कई सालों तक बस यही दो देश क्रिकेट मैच खेलते आये। १८८९ में दक्षिण अफ़्रीका को टेस्ट क्रिकेट का दर्जा नसीब हुआ। १९०० के पैरिस ऒलीम्पिक खेल में क्रिकेट को शामिल कर लिया गया, जिसमें ग्रेट ब्रिटेन ने फ़्रांस को हराकर स्वर्णपदक अपने नाम किया। यह पहली और आख़िरी बार के लिए क्रिकेट ऒलीम्पिक खेल का हिस्सा बना था। अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पहली बार बहुदेशीय क्रिकेट प्रतियोगिता सन् १९१२ में आयोजित हुई इंगलैण्ड, ऒस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ़्रीका के बीच। इस सीरीज़ को ज़्यादा सफलता नहीं मिली क्योंकि गरमी के दिनों में खेली गयी यह सीरीज़ बारिश की वजह से काफ़ी हद तक प्रभावित हुआ। इसके बाद एक एक करके और भी कई देश जुड़ते चले गये अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट के साथ - वेस्ट इंडीज़ (१९२८), न्युज़ीलैण्ड (१९३०), भारत (१९३२), पाकिस्तान (१९५२) आदि।

जीवन में खेल-कूद का बहुत बड़ा महत्व है। और बच्चों व युवाओं के लिए तो खेल-कूद अपनी दिनचर्या का एक अभिन्न अंग होना ही चाहिए। खेलने से न केवल शारीरिक विकास अच्छी तरह से होता है, बल्कि मन-मस्तिष्क में भी स्फूर्ति आती है, और दिमाग़ बहुत अच्छी तरह से विकसित होता है। अंग्रेज़ी में भी तो कहावत है कि "all work and no play, makes John a dull boy"| आजकल की बढ़ती प्रतियोगिता और पढ़ाई-लिखाई में दबाव की वजह से बच्चे खेल के मैदान से दूर होते चले जा रहे हैं। और जो बचा खुचा वक़्त मिलता है, उसे वो कम्प्युटर गेम्स खेलने में या कार्टून देखने में लगा देते हैं। और कुछ अभिभावक तो ऐसे भी हैं कि बच्चे को इसलिए खेल-कूद नहीं करने देते ताकि पढ़ाई लिखाई के लिए और ज़्यादा समय मिल सके। उन सभी अभिभावकों से हाथ-जोड़ निवेदन है कि ऐसा कतई न करें। अगर आप चाहते हैं कि आपका बच्चा शारिरिक और मानसिक रूप से मज़बूत बने, स्वस्थ रहे, तो उसे पढ़ाई के साथ साथ खेल-कूद और शारीरिक व्यायाम की तरफ़ की प्रोत्साहित करें। आज जब हम बच्चों की बात छेड़ ही चुके हैं, तो क्यों ना एक ऐसे खेल पर आधारित गीत सुनें जिसका रिश्ता छोटे बच्चों से ही है। जी हाँ, आँख मिचौली, या लुका-छुपी। इस खेल पर कई गीत बने हैं जैसे कि "लुक छिप लुक छिप जाओ ना" (दो अंजाने), "आ मेरे हमजोली आ, खेलें आँख मिचौली आ" (जीने की राह) वगेरह। लेकिन आज के लिए हमने जो गीत चुना है वह है फ़िल्म 'ड्रीम गर्ल' का, "लुका छुपी खेलें आओ"। लता मंगेशकर, पद्मिनी और शिवांगी की आवाज़ों में यह गीत हेमा मालिनी पर फ़िल्माया गया था। आनंद बक्शी साहब के बोल और लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल का संगीत। चलिए इन बच्चों के साथ बच्चे बन कर आज एक अरसे के बाद आप और हम, सभी मिलकर खेलें लुका छुपी।



क्या आप जानते हैं...
कि कई क्रिकेट खिलाड़ियों ने हिंदी फ़िल्मों में अभिनय किया है, जिनमें शामिल है संदीप पाटिल (कभी अजनबी थे), सुनिल गावस्कर (मालामाल), खेल (अजय जडेजा) आदि।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 08/शृंखला 11
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र - आसान है.

सवाल १ - कौन सी गायिका ने साथ निभाया है आशा जी का इस गीत में - ३ अंक
सवाल २ - फिल्म में किस अभिनेता की एक से अधिक भूमिका थी - १ अंक
सवाल ३ - फिल्म के निर्देशक बताएं - २ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
अरे बाप रे एक बार फिर अमित जी आगे निकल गए, अंजना जी ऐसे में अपना कमेन्ट हटा कर २ अंक वाले सवाल का जवाब क्यों नहीं देते ये बात हम नहीं समझ पाते....खैर अभी मौका है वापसी का

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी



इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Thursday, March 3, 2011

मुकाबला हमसे करोगे तो तुम हार जाओगे...देखिये चुनौती का एक रंग ये भी

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 605/2010/305

स्ट्रेलिया, इंगलैण्ड, वेस्ट इंडीज़, पाकिस्तान, भारत, न्युज़ीलैण्ड, श्रीलंका और ईस्ट-अफ़्रीका; इन आठ देशों को लेकर १९७५ में पहला विश्वकप क्रिकेट आयोजित हुआ था। 'ओल्ड इज़ गोल्ड' के दोस्तों नमस्कार, और फिर एक बार विश्वकप क्रिकेट की कुछ बातें लेकर हम हाज़िर हैं इन दिनों चल रही लघु शृंखला 'खेल खेल में' में। पहले के तीन विश्वकप इंगलैण्ड में आयोजित की गई थी। १९८३ में भारत के विश्वकप जीतने के बाद १९८७ का विश्वकप आयोजित करने का अधिकार भारत ने प्राप्त कर लिया। इस बारे में विस्तार से भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के उस वक़्त के प्रेसिडेण्ट एन.के.पी. साल्वे ने अपनी किताब 'The Story of the Reliance Cup' में लिखा है। साल्वे साहब ने उस किताब में लिखा है कि १९८३ में लॊर्ड्स के उस ऐतिहासिक विश्वकप फ़ाइनल के लिए उन्हें दो टिकट दिए गये थे। और जब भारत ने फ़ाइनल के लिए क्वालिफ़ाइ कर लिया तो उन्होंने MCC से दो और टिकटों के लिए आग्रह किया भारत से आये उनके दो दोस्तों के लिए। MCC ने उनकी माँग ठुकरा दी। यह बात साल्वे साहब को चुभ गई और वो जी जान से जुट गये अगला विश्वकप भारत में आयोजित करवाने के लिए। उनकी मेहनत रंग लायी और १९८७ मे भारत और पाकिस्तान ने युग्म रूप से इस प्रतियोगिता को आयोजित किया और इस तरह से विश्वकप क्रिकेट आयोजित करने वाले इंगलैण्ड के आधिपत्य को ख़त्म किया। और इसके बाद दूसरे देशों को भी मौका मिला मेज़बानी का। क्रिकेट विश्वकप अपने आप में एक बहुत बड़ा एवेण्ट है, ख़ुद ICC के वेबसाइट पर प्रकाशित शब्दों में "the Cricket World Cup is the showpiece event of the cricket calendar."

और अब आज के गीत की बारी। कल के गीत में ज़रा सा ओवर-कॊन्फ़िडेन्स था, और आज के गीत में तो ओवर-कॊन्फ़िडेन्स की सारी हदें ही पार कर दी हैं नायिका ने। "हम से मुक़ाबला करोगे हाये, हम से मुक़ाबला करोगे तो, तुम हार जाओगे, हम जीत जाएँगे..."। लता मंगेशकर और सुरेश वाडकर की युगल आवाज़ों में यह है फ़िल्म 'बद और बदनाम' का गीत। यह सन् १९८४ में निर्मित फ़िल्म है जिसमें संजीव कुमार, शत्रुघ्न सिंहा, अनीता राज, परवीन बाबी ने मुख्य भूमिकाएँ निभाई। फ़ीरोज़ शिनोय निर्देशित इस फ़िल्म का निर्माण किया था के. शोरे ने; फ़िल्म में संगीत दिया लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल ने और गीत लिखे आनंद बक्शी नें। आज का यह गीत फ़िल्माया गया है परवीन बाबी और संजीव कुमार पर एक पार्टी में। ८० के दशक के मध्य भाग तक आते आते फ़िल्म संगीत एक बुरे वक़्त में प्रवेश कर चुका था। फ़िल्मों की कहानियाँ कुछ ऐसी करवट ले चुकी थी कि गीतकार और संगीतकारों के लिए अच्छा स्तरीय काम दिखा पाना ज़रा मुश्किल सा हो रहा था। इसके बावजूद समय समय पर कुछ यादगार गानें भी आते गये। और जब फ़िल्मकार ने चाहा कि लता जी से गीत गवाया जाये, तो फिर कहानी या सिचुएशन जैसा भी हो, गाना उन्हीं को ध्यान में रखकर बनाया जाता था क्योंकि इंडस्ट्री में सब को यह बात मालूम थी कि लता जी ऐसा वैसा गीत कभी नहीं गातीं। इसलिए उस दौर की फ़िल्मों के बाक़ी गीत चाहे जैसा भी बनें, लता जी वाले गानें सुनने लायक ज़रूर होते थे, और आज का प्रस्तुत गीत भी कोई व्यतिक्रम नहीं है। और उस पर सुर साधक सुरेश वाडकर की आवाज़। पता नहीं क्यों, मुझे व्यक्तिगत रूप से हमेशा ऐसा लगता है कि सुरेश वाडकर ग़लत समय पर इंडस्ट्री में आये। फ़िल्मी गीतों का स्तर इतना गिर चुका था कि उनके स्तर के गानें ही बनने बंद हो गये, और वो एक बहुत ही अंडर-रेटेड गायक बन कर रह गये। तो आइए लता जी और सुरेश जी की आवाज़ों में सुनते हैं फ़िल्म 'बद और बदनाम' का यह गीत, और २०११ क्रिकेट विश्वकप के खिलाड़ियों से ओवर-कॊन्फ़िडेण्ट ना होने की सलाह देते हैं :-)



क्या आप जानते हैं...
कि ८० के दशक में लता मंगेशकर और सुरेश वाडकर की जोड़ी से सब से ज़्यादा युगल गीत लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल ने गवाये, जिनमें 'क्रोधी', 'प्रेम रोग', 'प्यासा सावन', 'बद और बदनाम', 'सिंदूर', 'नाचे मयूरी', 'सुर संगम', 'कभी अजनबी थे' जैसी फ़िल्में शामिल हैं।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 06/शृंखला 11
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र - आसान है.

सवाल १ - किस अभिनेता निर्माता निर्देशक की आवाज़ है इस क्लिप्पिंग में - १ अंक
सवाल २ - गीत में उदित नारायण ने किस नवोदित अभिनेता (उन दिनों के) का प्लेबैक किया था - ३ अंक
सवाल ३ - गीतकार बताएं - २ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
ये मुकाबला तो अवध जी सही कहते हैं एक दम आखिरी दौर तक जाएगा....

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी



इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Thursday, February 24, 2011

धडकन जरा रुक गयी है....सुरेश वाडकर के गाये एल पी के इस गीत को सुनकर एक पल को धडकन थम ही जाती है

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 600/2010/300

मस्कार! पिछली नौ कड़ियों से आप इस महफ़िल में सुनते आ रहे हैं फ़िल्म जगत के सुनहरे दौर के कुछ ऐसे नग़में जिनमें पियानो मुख्य साज़ के रूप में प्रयोग हुआ है। 'पियानो साज़ पर फ़िल्मी परवाज़' शृंखला की आज दसवीं और अंतिम कड़ी में आज हम चर्चा करेंगे कुछ भारतीय पियानिस्ट्स की। पहला नाम हम लेना चाहेंगे स्टीफ़ेन देवासी का। कल ही इनका जन्मदिन था। २३ फ़रवरी १९८१ को प्लक्कड, केरल में जन्में स्टीफ़ेन ने १० वर्ष की आयु से पियानो सीखना शुरु किया लेज़ली पीटर से। उसके बाद त्रिसूर में चेतना म्युज़िक अकादमी में फ़्र. थॊमस ने उनका पियानो से परिचय करवाया, जहाँ पर उन्होंने त्रिनिती कॊलेज ऒफ़ म्युज़िक लंदन द्वारा आयोजित आठवी ग्रेड की परीक्षा उत्तीर्ण की। १८ वर्ष की आयु में उन्होंने जॊनी सागरिका की ऐल्बम 'इश्टमन्नु' में कुल ६ गीतों का ऒर्केस्ट्रेशन किया। उसके बाद वो गायक हरिहरण के साथ यूरोप की टूर पर गये। वायलिन मेस्ट्रो एल. सुब्रह्मण्यम के साथ उन्होंने लक्ष्मीनारायण ग्लोबल म्युज़िक फ़ेस्टिवल में पर्फ़ॊर्म किया। १९ वर्ष की उम्र में स्टीफ़ेन ने एक म्युज़िक बैण्ड का गठन किया 'सेवेन' के नाम से, जिसमें शामिल थे फ़ायक फ़्रांको सायमन और संगीत। इस बैण्ड ने 'ये ज़िंदगानी' शीर्षक से एक ऐल्बम भी जारी किया था। 'मजा', 'थम्बी', 'नम्मल', 'अज़ागिया थमीज़ मगन' जैसी फ़िल्मों और हरिहरण के ऐल्बम 'वक़्त पर बोलना' का संगीत निर्देशन भी किया। स्टीफ़ेन के बाद अगला नाम है करिश्मा फ़ेलफ़ेली का। करिश्मा का जन्म पूना में हुआ था एक पर्शियन ज़ोरोस्ट्रियन परिवार में, जिनका संगीत से कोई ताल्लुख़ नहीं था। वो एक रेडियो ब्रॊडकास्टर होने के साथ साथ एक पियानिस् और वोकलिस्ट भी हैं; डबलिन सिटी एफ़.एम पर वो शास्त्रीय संगीत पर आधारित रेडियो प्रोग्राम को प्रस्तुत करती हैं। करिश्मा कनाडियन पियानिस्ट ग्लेन गोल्ड को अपना म्युज़िकल आइचन मानती हैं। १२ वर्ष की उम्र में जब करिश्मा ने पहली बार गोल्ड को भारत में किसी रेकॊर्डिंग पर सुना तो उनसे बहुत ज़्यादा प्रभावित हुईं। एक सफल पर्फ़ॊर्मिंग आर्टिस्ट होने के साथ साथ करिश्मा ने संगीत शिक्षा के प्रचार प्रसार में भी गहरी दिलचस्पी दिखाई और इस ओर अपना अमूल्य योगदान दे रही हैं। 'पियानिस्ट मैगज़ीन' में करिश्मा संगीत शिक्षा, ऐमेचर पियानिस्ट्स और ऒल्टर्नेट करीयर जैसी विषयों पर लेख भी लिखा है। अपने रेडियो प्रोग्राम के लिए उन्होंने कई बड़े बड़े संगीत शिल्पियों का साक्षात्कार ले चुकी हैं। करिश्मा फ़ेलफ़ेली के बाद अब बारी है उत्सव लाल के बारे में जानने की। १८ अगस्त १९९२ को जन्में उत्सव लाल ने केवल ९ वर्ष की आयु में दिल्ली में अपना पहला सोलो पियानो कन्सर्ट प्रस्तुत किया। वर्तमान में वो डबलिन में रहते हैं, जहाँ पर वो एक जानेमाने वेस्टर्ण क्लासिकल और जैज़ पियानिस्ट हैं। उत्सव को मशहूर पियानो कंपनी स्टीनवे ऐण्ड सन्स ने "Young Steinway Artist" के ख़िताब से सम्मानित किया है। भारतीय शास्त्रीय रागों में गहरी दिलचस्पी होने के कारण उत्सव ने इन रागों पर पियानो पर शोध करते हैं। उनके इस प्रयास में टाइम्स म्युज़िक ने २००८ में उनका भारतीय शास्त्रीय रागों पर आधारित ऐल्बम जारी किया 'Piano Moods of Indian Ragas'। उत्सव का नाम लिम्का बूक ऒफ़ रेकॊर्ड्स में दर्ज हुआ है और इतनी छोटी उम्र में ही बहुत सारे पुरस्कारों से नवाज़े जा चुके हैं। कुछ और भारतीय मूल के पियानिस्ट्स हैं नीसिअ मजोली, अनिल श्रीनिवासन और एब्राहम मजुमदार। इनके बारे में भी आप इंटरनेट पर मालूमात हासिल कर सकते हैं।

अब तक इस शृंखला में हमने ३० से लेकर ८० के दशक तक के ९ हिट गीत सुनवाये जिनमें जो एक बात कॊमन थी, वह था इनमें इस्तेमाल होने वाला मुख्य साज़ पियानो। दोस्तों, 'ओल्ड इज़ गोल्ड' की रवायत है कि इसमें हम ८० के दशक तक के ही गीत शामिल करते हैं, लेकिन आज इस रवायत को तोड़ने का मन कर रहा है। दरअसल १९९१ में एक ऐसी फ़िल्म आयी थी जिसमें एक ऐसा पियानो बेस्ड गाना था जिसे सुनवाना बेहद ज़रूरी बन पड़ा है। इस गीत को सुनवाये बग़ैर इस शृंखला को समाप्त करने का मन नहीं कर रहा। जी हाँ, फ़िल्म 'प्रहार' का सुरेश वाडकर का गाया "धड़कन ज़रा रुक गई है"; मंगेश कुल्कर्णी का लिखा गीत और संगीत एक बार फिर लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल का। 'प्रहार' पूर्णत: नाना पाटेकर की फ़िल्म थी। उन्होंने न केवल फ़िल्म का सब से महत्वपूर्ण किरदार निभाया, बल्कि फ़िल्म को निर्देशित भी किया और फ़िल्म की कहानी और स्क्रीनप्ले भी लिखे सुजीत सेन के साथ मिलकर। संवाद थे हृदय लानी के। फ़िल्म के अन्य कलाकार थे डिम्पल कपाडिया, माधुरी दीक्षित, म्करंद देशपाण्डे, गौतम जोगलेकर, अच्युत पोद्दार, विश्वजीत प्रधान प्रमुख। सुधाकर बोकाडे ने इस असाधारण फ़िल्म का निर्माण कर हिंदी सिनेमा के धरोहर को समृद्ध किया। जहाँ मंगेश जी ने बेहद ख़ूबसूरत बोल लिखे हैं, वहीं वाल्ट्ज़ रिदम पर आधारित इस गीत का संगीत संयोजन भी लाजवाब है। पियानो के साथ साथ वायलिन्स, माउथ ऒर्गन आदि पश्चिमी साज़ों का भी सुंदर प्रयोग इस गीत में महसूस किया जा सकता है। गीत के आख़िर में एक लम्बे पियानो पीस ने गीत की ख़ूबसूरती को चार चाँद लगा दिया है। तो आइए सुनते हैं यह गीत, और इसी के साथ 'पियानो साज़ पर फ़िल्मी परवाज़' शृंखला का भी समापन होता है। और साथ ही पूरा हो रहा है 'ओल्ड इज़ गोल्ड' का ६००-वाँ अंक। बस युंही हमारे साथ बने रहिए, हम भी युंही दिलकश नग़में आप पर लुटाते रहेंगे। नमस्कार!



क्या आप जानते हैं...
कि पियानो में १२००० से ज़्यादा पुर्ज़ें होते है, जिनमें १०,००० मूवेबल (movable) होते हैं।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 01/शृंखला 11
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र -गीतकार हैं गुलज़ार साहब.

सवाल १ - संगीतकार बताएं - २ अंक
सवाल २ - किस अभिनेत्री पर फिल्माया गया है ये गीत - ३ अंक
सवाल ३ - गायिका बताएं - १ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
लीजिए एक बाज़ी और अमित जी के नाम रही...यानी कि अब वो तीन बार विजय हासिल कर चुके हैं, पर हम खास बधाई अंजाना जी को भी देंगे जिन्होंने जम कर मुलाबाला किया और विजय जी भी इस बार काफी बढ़िया साबित हुए, नयी शृंखला के लिए सभी को शुभकामनाएँ, शरद जी कमर कस लें

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी
विशेष सहयोग: सुमित चक्रवर्ती


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Thursday, January 27, 2011

भूली बिसरी एक कहानी....इच्छाधारी नागिन का बदला भी बना संगीत से सना

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 580/2010/280

मस्कार! दोस्तों, आज हम आ पहुँचे हैं 'ओल्ड इज़ गोल्ड' की इन दिनों चल रही लघु शृंखला 'मानो या ना मानो' की अंतिम कड़ी पर। अब तक इस शृंखला में हमने भूत-प्रेत, आत्मा और पुनर्जनम की बातें की, जो थोड़े सीरियस भी थे, थोड़े मज़ाकिया भी, थोड़े वैज्ञानिक भी थे, और थोड़े बकवास भी। आज का अंक हम समर्पित करते हैं एक और रहस्यमय विषय पर, जिसे विज्ञान में 'Cryptozoology' कहा जाता है, यानी कि ऐसा जीव विज्ञान जो ऐसे जीवों पर शोध करता है जिनके वजूद को लेकर भी संशय है। 'क्रिप्टिड' उस जीव को कहते हैं जिसका अस्तित्व अभी प्रमाणित नहीं हुआ है। सदियों से बहुत सारे क्रिप्टिड्स के देखे जाने की कहानियाँ मशहूर है, जिनकी अभी तक वैज्ञानिक प्रामाणिकता नहीं मिल पायी है। तीन जो सब से प्रचलित क्रिप्टिड्स हैं, उनके नाम हैं बिगफ़ूट (Bigfoot), लोचनेस मॊन्स्टर (Lochness Monster), और वीयरवूल्व्स (Werewolves)। बिगफ़ूट को पहली बार १९-वीं शताब्दी में देखे जाने की बात सुनी जाती है। इस जीव की उच्चता और चौड़ाई ८ फ़ीट की होती है और पूरे शरीर पर मिट्टी के रंग वाले बाल होते हैं। इसे पैसिफ़िक उत्तर-पश्चिमी अमेरिका में देखे जाने की बात कही जाती है। बिगफ़ूट को लेकर कई धारणाएँ प्रचलित है, जिनमें से एक धारणा यह मानती है कि बिगफ़ूट एक जानवर और नीयण्डर्थल युग के मानव के बीच यौन संबंध से पैदा हुआ है आज से करीब २८००० साल पहले। बहुत से शोधार्थी अपनी पूरी पूरी ज़िंदगी लगा देते हैं बिगफ़ूट की खोज में। संसार के रहस्यों में बिगफ़ूट एक महत्वपूर्ण रहस्य है आज भी। लोचनेस मॊन्स्टर भी एक मशहूर क्रिप्टिड है जिसे पहली बार १९३० के दशक में स्कॊटलैण्ड में देखे जाने की बात कही जाती है। इसे नेसी भी कहते हैं जिसका शरीर पतला, रबर की तरह है, चमड़े का रंग काले और ग्रे के बीच का है, लम्बाई करीब २० फ़ीट की है। नेसी का शरीर सर्पीला है, एक सामुद्रिक दैत्य की तरह, और जिसका सर घोड़े के सर की तरह है। नेसी का स्कॊटलैण्ड के ताज़े-पानी के झीलों में पाये जाने की बात कही जाती है। नेसी के अस्तित्व को लेकर अभी विवाद है, लेकिन क्रिप्टोज़ूलोगिस्ट्स इसकी खोज में अब भी उतने ही उत्सुक रहते हैं जितने आज से ९० साल पहले रहते थे। वीयरवूल्व्स एक तरह का भेड़िया है जो आदमी से परिवर्तित होकर बना है। दूसरे शब्दों में, वीयरवूल्व्स वो इंसान हैं जिनमें शक्ति होती है अपने आप को भेड़िये में बदल डालने की। हालाँकि इस तरह की बातें पौराणिक कहानियों को ही शोभा देती है, लेकिन यह भी सच है कि वीयरवूल्व्स क्रिप्टोज़ूलोजी का एक महत्वपूर्ण अध्याय रहा है लम्बे अरसे से।

जहाँ तक भारत और क्रिप्टोपिड्स का सम्बम्ध है, हिमालय की बर्फ़ीली पहाड़ियों में येती नामक जानवर के देखे जाने की बात सुनी जाती है। यह एक विशालकाय जीव है सफ़ेद रंग और बालों वाला, जिसकी उच्चता ६ फ़ीट के आसपास बतायी जाती है। कई पर्बत आरोही येती को देखने का दावा भी करते हैं, लेकिन वैज्ञानिकों का यह मानना है कि बर्फ़ीली पहाड़ियों में सूरज की रोशनी से इतनी चमक पैदा होती है कि कभी कभी आँखें भी धोखा खा जाती है। बर्फ़ से पहाड़ों पर ऐसी आकृतियाँ बन जाती हैं जो किसी विशालकाय दैत्य का आभास कराती हैं। अर्थात! येती बस इंसानी दिमाग का भ्रम है और कुछ नहीं। एक और देसी क्रिप्टिड है इच्छाधारी नागिन, जिसको लेकर हमारे देश में कहानियों की कोई कमी नहीं है। सदियों से इच्छाधारी नाग नागिनों की कथाएँ प्रचलित हैं जो हमारी फ़िल्मों में भी प्रवेश कर चुका है बहुत पहले से ही। सांपों पर बहुत सारे फ़िल्म बने हैं, जिनमें से कुछ इच्छाधारी नागिन के भी हैं। रीना रॊय - जीतेन्द्र अभिनीत मल्टिस्टरर फ़िल्म 'नागिन' तो आपको याद ही होगी जिसमें मशहूर गाना था "तेरे संग प्यार मैं नहीं तोड़ना"। ८० के दशक में श्रीदेवी - ऋषी कपूर अभिनीत फ़िल्म 'नगीना' तो जैसे एक ट्रेण्डसेटर फ़िल्म साबित हुई थी। इस फ़िल्म ने पहले के सभी सांपों पर बनने वाली फ़िल्मों का रेकॊर्ड तोड़ दिया था। इसलिए आज के इस अंक को हम समर्पित करते हैं इच्छाधारी नागिन के नाम, और सुनवाते हैं अनुराधा पौडवाल की आवाज़ में आनंद बक्शी का लिखा और लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल का स्वरबद्ध किया गीत "भूली बिसरी एक कहानी, फिर आयी एक याद पुरानी"। और इसी के साथ हमें इजाज़त दीजिए 'मानो या ना मानो' लघु शृंखला को समाप्त करने की। चलते चलते बस इतना ही कहेंगे कि आप किसी भी बात पर यकीन तो कीजिए, लेकिन अपनी बुद्धि और विज्ञान से पूरी तरह विवेचना करने के बाद ही। इस शृंखला के बारे में अपने विचार oig@hindyugm.com के पते पर हमें अवश्य लिख भेजिएगा, हम आपके ईमेल को 'ईमेल के बहाने यादों के ख़ज़ाने' में शामिल करने की कोशिश करेंगे। तो बस अब इजाज़त दीजिए, मिलते हैं शनिवार की शाम 'ईमेल के बहाने यादों के ख़ज़ाने' में, नमस्कार!



क्या आप जानते हैं...
कि फ़िल्म 'नगीना' का शीर्षक गीत "मैं तेरी दुश्मन" पहले अनुराधा पौडवाल से ही रेकॊर्ड करवाया गया था, लेकिन बाद में लता मंगेशकर से डब करवा लिया गया। इस बात को लेकर अनुराधा पौडवाल ने एक इंटरव्यु में अफ़सोस भी जताया था।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 01/शृंखला 09
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र - गायिका हैं सुर्रैया.

सवाल १ - फिल्म का नाम बताएं - १ अंक
सवाल २ - गीतकार बताएं - २ अंक
सवाल ३ - संगीतकार बताएं - 1 अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
अमित जी दो बैक तो बैक शृंखला में विजयी हुए हैं, बधाई जनाब....नयी शृंखला के लिए शुभकामनाएँ

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Tuesday, January 18, 2011

"यमला पगला दीवाना" का रंग चढाने में कामयाब हुए "चढा दे रंग" वाले अली परवेज़ मेहदी.. साथ है "टिंकू जिया" भी

Taaza Sur Taal 02/2011 - Yamla Pagla Deewana

"अपने तो अपने होते हैं" शायद यही सोच लेकर अपना चिर-परिचित देवल परिवार "अपने" के बाद अपनी तिकड़ी लेकर हम सब के सामने फिर से हाजिर हुआ है और इस बार उनका नारा है "यमला पगला दीवाना"। फिल्म पिछले शुक्रवार को रीलिज हो चुकी है और जनता को खूब पसंद भी आ रही है। यह तो होना हीं था, जबकि तीनों देवल अपना-अपना जान-पहचाना अंदाज़ लेकर परदे पर नज़र आ रहे हों। "गरम-धरम" , "जट सन्नी" और "सोल्ज़र बॉबी"... दर्शकों को इतना कुछ एक हीं पैकेट में मिले तो और किस चीज़ की चाह बची रहेगी... हाँ एक चीज़ तो है और वो है संगीत.. अगर संगीत मन का नहीं हुआ तो मज़े में थोड़ी-सी खलल पड़ सकती है। चूँकि यह एक पंजाबी फिल्म है, इसलिए इससे पंजाबी फ़्लेवर की उम्मीद तो की हीं जा सकती है। अब यह देखना रह जाता है कि फ़िल्म इस "फ़्रंट" पर कितनी सफ़ल हुई है। तो चलिए आज की "संगीत-समीक्षा" की शुरूआत करते हैं।

"यमला पगला दीवाना" में गीतकारों-संगीतकारों और गायक-गायिकाओं की एक भीड़-सी जमा है। पहले संगीतकारों की बात करते हैं। लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल (ओरिजनल "मैं जट यमला पगला दीवाना" .. फिल्म "प्रतिज्ञा" से), अनु मलिक, संदेश सांडिल्य, नौमान जावेद, आर०डी०बी० एवं राहुल बी० सेठ.. इन सारे संगीतकारों ने फिल्म के गानों की कमान संभाली है और इनके संगीत पर जिन्होंने बोल लिखे हैं वे हैं: आनंद बक्षी (ओरिजनल "मैं जट यमला पगला दीवाना"), धर्मेन्द्र (जी हाँ, अपने धरम पा जी भी अब गीतकार हो गए हैं, इन्होंने फिल्म में "कड्ड के बोतल" नाम का गाना लिखा है), इरशाद कामिल, नौमान जावेद, राहुल बी० सेठ एवं आर०डी०बी०।

इस बार से हमने निर्णय लिया है कि हम फिल्म के सारे गाने नहीं सुनवाएँगे, बस वही सुनवाएँगे एलबम का सर्वश्रेष्ठ गाना हो या कि जिसे जनता बहुत पसंद कर रही हो। इसी बात को ध्यान में रखते हुए, आईये हम और आप सुनते हैं "अली परवेज़ मेहदी" की आवाज़ों में "चढा दे रंग":

Chadha de rang



Chadha de rang (Sad version)



हमारा यह सौभाग्य है कि हमें "परवेज़ मेहदी" से कुछ सवाल-जवाब करने का मौका हासिल हुआ। हमारे अपने "सजीव जी" ने इनसे "ई-मेल" के द्वारा कुछ सवाल पूछे, जिनका बड़े हीं प्यार से परवेज़ भाई ने जवाब दिया। यह रही वो बातचीत:

आवाज़: परवेज़ भाई फिल्म "यमला पगला दीवाना" में हम आपका गाना सुनने जा रहे हैं, हमारे श्रोताओं को बताएँ कि कैसा रहा आपका अनुभव इस गीत का।

अली परवेज़: निर्माता-निर्देशक समीर कार्णिक और देवल परिवार के लिए काम करने में बड़ा मज़ा आया, बॉलीवुड के लिए यह मेरा पहला गाना है। मैंने इस गाने के लिए इतनी बड़ी सफ़लता की उम्मीद नहीं की थी, आम लोगों को गाना अच्छा लगा हीं है लेकिन गाने के समझदार लोगों से भी वाह-वाह मिली है..और वो मेरे लिए सबसे ज्यादा खुशी की बात है।

आवाज़: जी सही कहा आपने। अच्छा यह बताईये कि इस गीत को राहत साहब ने भी गाया है, लेकिन एलबम में आपकी आवाज़ को पहली तरजीह दी गई है, इससे बेहतर सम्मान की बात क्या हो सकती है.. आप इस बारे में क्या सोचते हैं।

अली परवेज़: राहत साहब के बारे में जो भी कहूँ वो कम होगा। उनको कौन नहीं जानता, उनको किसने नहीं सुना, ये तो मेरी खुश-नसीबी है कि मुझे भी वो हीं गाना गाने का मौका मिला जो उनसे गवाया गया था। अब मुझे क्यों पहली तरजीह दी गई है, इसे जनता से बेहतर भला कौन बता पाएगा?

आवाज़: अपने अब तक के संगीत-सफ़र के बारे में भी संक्षेप में कुछ कहें।

अली परवेज़: जनाब परवेज़ मेहदी साहब मेरे वालिद थे, और वो हीं मेरे सबसे बड़े गुरू थे और मेरे सबसे बड़े आलोचक भी.. वो हीं मेरे गुणों के पारखी थे। उनका अपना घराना था, अपनी गायकी थी... बस मैं उनकी बनाई हुई इस संगीत की राह पर कुछ सुरीला सफ़र तमाम करूँ, यही अल्लाह से दुआ करता हूँ।

आवाज़: यमला पगला दीवाना के गाने इन दिनों खूब लोकप्रिय हो रहे हैं। क्या आपको फिल्म के कलाकारों या क्रू से मिलने का मौका मिला है कभी?

अली परवेज़: नहीं, मुझे कास्ट से मिलने का मौका नहीं मिला, क्योंकि मैं यू०एस०ए० में सेटल्ड हूँ, और मैंने अपने स्टुडियो में गाना रिकार्ड किया था।

आवाज़: प्राईवेट एलबम्स के बारे में आपके क्या विचार हैं, क्या आप खुद किसी एलबम पर काम कर रहे हैं? आने वाले समय में किन फ़िल्मों में हम आपको सुन पाएँगे?

अली परवेज़: मेरे ख़्याल में हर फ़नकार को कम से कम एक मौका प्राईवेट एलबम बनाने का ज़रूर मिलना चाहिए, क्योंकि उसमें कलाकार को अपनी सोच (प्रतिभा) दिखाने का मौका मिलता है और उसकी गायकी के अलग-अलग रंग दिखते हैं। एलबम कोई फ़िल्म नहीं होता, इसमें कोई स्टोरी-लाईन नहीं होती, इसलिए फ़नकार अपने मन का करने के लिए आज़ाद होता है। इंशा-अल्लाह हम लोग कुछ प्रोजेट्स पर काम कर रहे हैं, जो आपके सामने बहुत हीं जल्द आएँगे।

आवाज़: परवेज़ भाई, आपने हमें समय दिया, इसके लिए आपका हम तह-ए-दिल से शुक्रिया अदा करते हैं।

अली परवेज़: आपका भी शुक्रिया!

फिल्म के सर्वश्रेष्ठ गानों के बाद आईये हम सुनते हैं "जनता की पसंद"। ललित पंडित द्वारा संगीतबद्ध और उन्हीं के लिखे हुए "मुन्नी बदनाम", इसी तरह "विशाल-शेखर" द्वारा संगीतबद्ध और विशाल की हीं लेखनी से उपजे "शीला की जवानी" के बाद शायद यह ट्रेंड निकल आया है कि एक ऐसा आईटम गाना तो ज़रूर हीं होना चाहिए जिसे संगीतकार हीं अपने शब्द दे। शायद इसी सोच ने इस फिल्म में "टिंकु जिया" को जन्म दिया है। इस गाने के कर्ता-धर्ता "अनु मलिक" हैं और "मुन्नी बदनाम" की सफ़लता को भुनाने के लिए इन्होंने "उसी" गायिका को माईक थमा दी है। जी हाँ, इस गाने में आवाज़ें हैं ममता शर्मा और जावेद अली की। यह गाना सुनने में उतना खास नहीं लगता, लेकिन परदे पर इसे देखकर सीटियाँ ज़रुर बज उठती हैं। अब चूँकि गाना मक़बूल हो चुका है, इसलिए हमने भी सोचा कि इसे आपके कानों तक पहुँचा दिया जाए।

Tinku Jiya



हमारी राय – फ़िल्म जनता को भले हीं बेहद पसंद आई हो, लेकिन संगीत के स्तर पर यह मात खा गई। दो-एक गानों को छोड़कर संगीत में खासा दम नहीं है। वैसे बॉलीवुड को "अली परवेज़ मेहदी" के रूप में एक बेहतरीन गायक हासिल हुआ है। उम्मीद और दुआ करते हैं कि ये हमें आगे भी सुनने को मिलेंगे। इन्हीं बातों के साथ आईये आज की समीक्षा पर विराम लगाते हैं। धन्यवाद!



अक्सर हम लोगों को कहते हुए सुनते हैं कि आजकल के गीतों में वो बात नहीं। "ताजा सुर ताल" शृंखला का उद्देश्य इसी भ्रम को तोड़ना है। आज भी बहुत बढ़िया और सार्थक संगीत बन रहा है, और ढेरों युवा संगीत योद्धा तमाम दबाबों में रहकर भी अच्छा संगीत रच रहे हैं, बस ज़रूरत है उन्हें ज़रा खंगालने की। हमारा दावा है कि हमारी इस शृंखला में प्रस्तुत गीतों को सुनकर पुराने संगीत के दीवाने श्रोता भी हमसे सहमत अवश्य होंगें, क्योंकि पुराना अगर "गोल्ड" है तो नए भी किसी कोहिनूर से कम नहीं।

Thursday, December 30, 2010

तू मेरा जानूँ है तू मेरा हीरो है.....८० के दशक का एक और सुमधुर युगल गीत

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 560/2010/260

'ओल्ड इज़ गोल्ड' के दोस्तों, नमस्कार! देखिए, गुज़रे ज़माने के सुमधुर गीतों को सुनते और गुनगुनाते हुए हम आ पहुँचे हैं इस साल २०१० के 'ओल्ड इज़ गोल्ड' की अंतिम कड़ी पर। आज ३० दिसंबर, यानी इस साल का आख़िरी 'ओल्ड इज़ गोल्ड'। जैसा कि इन दिनों आप इस स्तंभ में सुन और पढ़ रहे हैं फ़िल्म संगीत के सुनहरे दौर की कुछ सदाबहार युगल गीतों से सजी लघु शृंखला 'एक मैं और एक तू', आज ८० के दशक के ही एक और लैण्डमार्क डुएट के साथ हम समापन कर रहे हैं इस शृंखला का। यह वह गीत है दोस्तों जिसने लता और आशा के बाद की पीढ़ी के पार्श्वगायिकाओं का द्वार खोल दिया था। इस नयी पीढ़ी से हमारा मतलब है अनुराधा पौड़वाल, अल्का याज्ञ्निक, साधना सरगम और कविता कृष्णमूर्ती। आज हम चुन लाये हैं अनुराधा और मनहर उधास की आवाज़ों में १९८३ की फ़िल्म 'हीरो' का गीत "तू मेरा जानू है... मेरी प्रेम कहानी का तू हीरो है"। युं तो इस गीत से पहले भी अनुराधा ने कुछ गीत गाये थे, लेकिन इस गीत ने उन्हें पहली बार अपार सफलता दी जिसके बाद उन्हें पीछे मुड़कर देखने की ज़रूरत नहीं पड़ी। 'एक दूजे के लिए' ही की तरह 'हीरो' भी एक कामयाब युवा फ़िल्म है, और इस फ़िल्म के ज़रिए जैकी श्रॊफ़ और मीनाक्षी शेषाद्री ने फ़िल्मी दुनिया में क़दम रखा था। 'हीरो' के गीतों की अपार कामयाबी ने एक बार फिर साबित किया कि ८० के दशक में भी एल.पी का संगीत उतना ही पुरअसर है जितना पिछले दो दशकों में था "निंदिया से जागी बहार" की शास्त्रीयता से भरी सुमधुर धुन, रेशमा की आवाज़ में कलेजे को चीर कर रख देने वाली "लम्बी जुदाई", लता-मनहर का गाया "प्यार करने वाले कभी डरते नहीं", तथा अनुराधा-मनहर के गाये दो गीत - "तू मेरा जानू है" और "डिंग डॊंग" जैसे गीतों के लिए एल. पी को बंगाल फ़िल्म जर्नलिस्ट एसोसिएशन के पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया था।

दोस्तों, आज पहली बार 'ओल्ड इज़ गोल्ड' पर अनुराधा और मनहर की आवाज़ें गूंज रही है। ऐसे में आइए आज अनुराधा पौडवाल द्वारा प्रस्तुत 'विशेष जयमाला' कार्यक्रम का एक अंश पढ़ते हैं जिसमें वो बता रही हैं कि फ़िल्म जगत में उनका पदार्पण किस तरह से हुआ था। विविध भारती के सौजन्य से यह रहा वह अंश - "फ़ौजी भाइयों को मेरा संगीतमय नमस्कर! आज यह अवसर आप से बातें करने का, अपने गानें सुनाने का मिला है उसे मैं शिव जी का प्रसाद कहूँ तो सही होगा। जैसा कि बहुत से सुनने वाले शायद जानते हैं कि मेरे शोहर, श्री अरुण पौडवाल एक ज़माने में एस. डी. बर्मन के ऐसिस्टैण्ट भी रहे। बात युं हुई कि 'अभिमान' फ़िल्म का 'बैकग्राउण्ड म्युज़िक' रेकॊर्ड किया जा रहा था। सोच विचार हो रहा था कि एक 'पर्टिकुलर सिचुएशन' में कौन सा श्लोक रखा जाए। दादा ने अरुण से कहा कि तुम महाराष्ट्रियन हो और तुम्हारे घरों में बड़े बुज़ुर्ग बहुत अच्छे अच्छे श्लोक रिसाइट करते हैं। तो कल कोई श्लोक घर से लेके आना। मेरी क़िस्मत को मंज़ूर था और ईश्वर की कृपा मुझ पर होनी थी कि अरुण जी के मन में यह ख़याल आया कि क्यों ना यह श्लोक अनुराधा से, यानी मुझसे अपने टेप रेकोर्डर पे घर से ही रेकोर्ड करके ले जाऊँ! दादा ने श्लोक सुना और मेरे लिये प्लेबैक की दुनिया के दरवाजे खुल गये। उन्होंने श्लोक सुनते ही पूछा, 'कौन है ये?' दादा ने कहा कि शायद मैंने ऐसी ही आवाज़ में ऐसा ही श्लोक सोचा था जो बरबस तुम मेरे सामने ले आये। अरुण जी से कहा, अभी बुलाओ इस आवाज़ को। जब अरुण ने कहा कि यह आवाज़ अनुराधा की है, मेरी वाइफ़ की है, तो दादा और भी ख़ुश हुए। और शिव जी का प्रसाद मुझे ऐसा मिला कि दिन-ओ-दिन आप लोगों का प्यार और सुनने वालों की चाहत आज मुझे यहाँ तक ले आई है।" हाँ तो दोस्तों, ये थी अनुराधा जी के शब्द जो रेकॊर्ड हुए थे १९८७ में विविध भारती के स्टुडिओ में। और अब फ़िल्म 'हीरो' का वही हिट गीत जिसे शायद आपने कुछ दिनों से नहीं सुना होगा, लीजिए ८० के दशक की यादें फिर एक बार ताज़ा कर लीजिए इस गीत के माध्यम से। और इसी के साथ 'एक मैं और एक तू' शृंखला सम्पन्न होती है। हमें उम्मीद है कि ३० के दशक से लेकर ८० के दशक के ये १० युगल गीत आपको पसंद आये होंगे। आप अपने विचार और सुझाव हमारे ईमेल पते oig@hindyugm.com पर अवश्य लिख भेजिएगा। हमें इंतज़ार रहेगा। 'ओल्ड इज़ गोल्ड' की अगली कड़ी अब अगले साल ही पेश होगी। अरे अरे घबराइए नहीं, अगले साल, यानी कि इसी रविवार, २ जनवरी की शाम को। नये साल की ढेरों हार्दिक शुभकामनाओं के साथ अब हमें इजाज़त दीजिए, नमस्कार!



क्या आप जानते हैं...
कि अनुराधा पौडवाल ने अपना पहला फ़िल्मी एकल गीत गाया था संगीतकार लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल के संगीत निर्देशन में, हेमा मालिनी - शशि कपूर अभिनीत फ़िल्म 'आप बीती' में।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 01/शृंखला 07
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र - खुद संगीतकार है इस युगल गीत में गायक.

सवाल १ - किस संगीतकार की बात है यहाँ - १ अंक
सवाल २ - गीतकार बताएं - २ अंक
सवाल ३ - फिल्म का नाम बताएं - १ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
शरद जी को बधाई हमारी ७ वीं शृंखला में वो विजेता हुए हैं. अमित जी कल तो आपका अंदाजा गलत हो गया..खैर कोई बात नहीं, नयी शृंखला के लिए सभी को शुभकामनाएँ

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Wednesday, December 29, 2010

हम बने तुम बनें एक दूजे के लिए....और एक दूजे के लिए ही तो हैं आवाज़ और उसके संगीत प्रेमी श्रोता

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 559/2010/259

फ़िल्म संगीत के सुनहरे दौर के चुने हुए युगल गीतों को सुनते हुए आज हम क़दम रख रहे हैं ८० के दशक में। कल के गीत से ही आप ने अंदाज़ा लगाया होगा कि ७० के दशक के मध्य भाग के आते आते युगल गीतों का मिज़ाज किस तरह से बदलने लगा था। उससे पहले फ़िल्म के नायक नायिका की उम्र थोड़ी ज़्यादा दिखाई जाती थी, लेकिन धीरे धीरे फ़िल्मी कहानियाँ स्कूल-कालेजों में भी समाने लगी और इस तरह से कॊलेज स्टुडेण्ट्स के चरित्रों के लिए गीत लिखना ज़रूरी हो गया। नतीजा, वज़नदार शायराना अंदाज़ को छोड़ कर फ़िल्मी गीतकार ज़्यादा से ज़्यादा हल्के फुल्के और आम बोलचाल की भाषा का प्रयोग करने लगे। कुछ लोगों ने इस पर फ़िल्मी गीतों के स्तर के गिरने का आरोप भी लगाया, लेकिन क्या किया जाए, जैसा समाज, जैसा दौर, फ़िल्म और फ़िल्म संगीत भी उसी मिज़ाज के बनेंगे। ख़ैर, आज हम बात करते हैं ८० के दशक की। इस दशक के शुरुआती दो तीन सालों तक तो अच्छे गानें बनते रहे और लता और आशा सक्रीय रहीं। ८० के इस शुरुआती दौर में जो सब से चर्चित प्रेम कहानी पर बनी फ़िल्म आई, वह थी 'एक दूजे के लिए'। यह फ़िल्म तो जैसे एक ट्रेण्डसेटर सिद्ध हुई। सब कुछ नया नया सा था इस फ़िल्म में। नई अभिनेत्री रति अग्निहोत्री रातों रात छा गईं और दक्षिण के कमल हासन ने बम्बई में अपना सिक्का जमा लिया। और साथ ही गायक एस. पी. बालसुब्रह्मण्यम ने भी तो अपना जादू चलाया था इस फ़िल्म में। आनंद बक्शी के लिखे गीत, लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल के सुपरडुपर हिट संगीत ने ऐसी धूम मचाई जिसकी गूँज आज तक सुनाई देती है। वैसे एल.पी को इस फ़िल्म के लिए फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार तो नहीं मिला था, लेकिन सब से बड़ा पुरस्कार इनके लिए तो यही है कि आज भी आये दिन इस फ़िल्म के गीत कहीं ना कहीं से सुनाई दे जाते हैं। चाहे "तेरे मेरे बीच में कैसा है ये बंधन हो" या "हम तुम दोनों जब मिल जाएँगे", "मेरे जीवन साथी प्यार किए जा" हो या "सोलह बरस की बाली उमर को सलाम", या फिर फ़िल्म का सब से लोकप्रिय शीर्षक गीत "हम बने तुम बने एक दूजे के लिए"। तो आइए दोस्तों, ८० के दशक को सलाम करते हुए आज इसी गीत को सुना जाए लता और एस.पी की युगल आवाज़ों में।

यह गीत अपने आप में एक रोमांटिक कॊमेडी है, एक बड़ा ही अनूठा और एकमात्र गीत है कि जिसमें नायक और नायिका दो अलग अलग प्रदेशों से होने की वजह से एक दूसरे की भाषा समझ नहीं पाते हैं, जिसकी वजह से गीत में हास्य रस समा जाता है। हिंदी तो है ही, अंग्रेज़ी और तमिल के शब्दों का भी इस्तेमाल है इस गीत में। यहाँ तक की बक्शी साहब ग़ालिब के नाम को भी ले आये हैं जब वो लिखते हैं कि "इश्क़ पर ज़ोर नहीं ग़ालिब ने कहा है इसीलिए..."। और सोने पे सुहागा इस गीत को तब लगती है जब आख़िर में लता जी हँसती हुई सुनाई देती है। सचमुच, लता जी की गाती हुई आवाज़ जितनी मधुर है, शायद उससे भी मीठी है उनकी हँसी। बहुत से गीतों में उनकी इस तरह की हँसी और मुस्कुराहट का संगीतकारों ने समय समय पर इस्तेमाल किया है, मसलन, "भँवरे ने खिलाया फूल", "सुन बाल ब्रह्मचारी मैं हूँ कन्याकुमारी", "थोड़ी सी ज़मीन थोड़ा आसमाँ", आदि। आप भी कुछ और गीतों की याद दिलाइए ना! ख़ैर, वापस आते हैं 'एक दूजे के लिए' पर, यह १९८१ की फ़िल्म थी। १९७८ से १९८१ तक एल.पी ने लगातार चार बार सर्वश्रेष्ठ संगीतकार का फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार जीता था, और इस कड़ी को ख़य्याम साहब ने तोड़ा 'उमरावजान' के ज़रिए। पंकज राग के शब्दों में "व्यावसायिक्ता और लोकप्रियता के पायदान पर नम्बर एक पर स्थापित लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल को ख़य्याम के अतिरिक्त आर. डी. बर्मन की 'कुदरत', 'याराना', 'साथी', और 'लवस्टोरी', शिव-हरि की 'सिलसिला', वार्षिक बिनाका गीतमाला में चोटी के गीत "मेरे अंगने में" वाले कल्याणजी-आनंदजी की 'लावारिस' और बप्पी लाहिड़ी की 'अरमान' ने कड़ी चुनौती दी और मिश्र शिवरंजनी में "तेरे मेरे बीच में", अहीर भरवी में "सोलह बरस की" और "हम बने तुम बने" जैसे गीतों के साथ 'एक दूजे के लिए' ही उनका उत्तर बनी।" तो आइए दोस्तों, ८० के दशक के इस महत्वपूर्ण फ़िल्म का यह सदाबहार युगल गीत सुनते हैं।



क्या आप जानते हैं...
कि एस. पी. बालसुब्रहमण्यम को 'एक दूजे के लिए' फ़िल्म के गायन के लिए १९८२ का राष्ट्रीय पुरस्कार मिला था।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 10/शृंखला 06
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र - ८० के दशक का एक और हिट गीत.

सवाल १ - पुरुष गायक बताएं - २ अंक
सवाल २ - गीतकार बताएं - १ अंक
सवाल ३ - फिल्म का नाम बताएं - १ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
श्याम जी कुछ दिनों से गायब हैं, वैसे शरद जी ने इस शृंखला में अजय बढ़त बना ली है, इंदु जी एक दम सही कहा आपने और देखिये आज के गीत का शीर्षक भी यही है. अमित जी ओल्ड इस गोल्ड लेकर हम भारतीय समानुसार शाम 6.30 पर हाज़िर होते हैं. अगर आप ठीक समय पर आ सकें तो, हमारे दिग्गजों को टक्कर दे सकते हैं

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Monday, December 27, 2010

पत्ता पत्ता बूटा बूटा हाल हमारा जाने है....मीर ने दी चिंगारी तो मजरूह साहब ने बात कर दी आम इश्क वाली

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 557/2010/257

'एक मैं और एक तू' - फ़िल्म संगीत के सुनहरे दौर के सदाबहार युगल गीतों से सजी इस लघु शृंखला में आज बारी ७० के दशक की। आज का यह अंक हम समर्पित कर रहे हैं १८-वीं शताब्दी के मशहूर शायर मीर तक़ी मीर के नाम। जी हाँ, उनकी लिखी हुई एक मशहूर ग़ज़ल से प्रेरीत होकर मजरूह सुल्तानपुरी ने यह गीत लिखा था - "पत्ता पत्ता बूटा बूटा हाल हमारा जाने है, जाने ना जाने गुल ही ना जाने बाग़ तो सारा जाने है"। यह पूरा मुखड़ा मीर के उस ग़ज़ल का पहला शेर है। आगे गीत के तीन अंतरे मजरूह साहब ने ख़ुद लिखे हैं। इन्हे आप गीत को सुनते हुए जान ही लेंगे, लेकिन क्या आप जानना नहीं चाहेंगे कि मीर के उस ग़ज़ल के बाक़ी शेर कौन कौन से थे? लीजिए हम यहाँ पेश कर रहे हैं उस पुराने ग़ज़ल के कुल ७ शेर।

पत्ता पत्ता बूटा बूटा हाल हमारा जाने है,
जाने ना जाने गुल ही ना जाने बाग़ तो सारा जाने है।

आगे उस मुतकब्बर के हम ख़ुदा ख़ुदा किया करते हैं,
कब मौजूद ख़ुदा को वो मग़रूर ख़ुद-आरा जाने है।

आशिक़ सा तो सादा कोई और न होगा दुनिया में,
जी के ज़ियाँ को इश्क़ में उसके अपना वारा जाने है।

चारा गरी बीमारी-ए-दिल की रस्म-ए-शहर-ए-हुस्न नहीं,
वरना दिलबर-ए-नादाँ भी इस दर्द का चारा जाने है।

मेहर-ओ-वफ़ा-ओ-लुतफ़-ओ-इनायत एक से वाक़ीफ़ इन में नहीं,
और तो सब कुछ तन्ज़-ओ-कनया रम्ज़-ओ-इशारा जाने है।

आशिक़ तो मुर्दा है हमेशा जी उठता है देखे उसे,
यार के आ जाने को यकायक उम्र दोबारा जाने है।

तश्ना-ए-ख़ून भी अपना कितना मीर भी नादाँ तल्ख़ीकश,
दमदार आब-ए-तेग़ को उसके आब-ए-गवारा जाने है।


लता मंगेशकर और मोहम्मद रफ़ी की आवाज़ों में यह फ़िल्म 'एक नज़र' का गीत है। गीतकार का नाम तो हम बता ही चुके हैं, संगीतकार हैं लक्ष्मीकांत प्यारेलाल। 'एक नज़र' शीर्षक से दो फ़िल्में बनीं हैं। एक १९५७ में, जिसमें रवि का संगीत था और जिसमें तलत महमूद के गाए कुछ अच्छे गानें भी थे। आज का गीत १९७२ की 'एक नज़र' का है जिसमें मुख्य कलाकार थे अमिताभ बच्चन और जया भादुड़ी। यह फ़िल्म उन दोनों के करीयर के साथ साथ काम किया हुआ सब से बड़ी फ़्लॊप फ़िल्म साबित हुई। इसी समय इन दोनों ने 'बंसी बिरजु' फ़िल्म में भी काम किया था और वह भी असफल रही। आज 'एक नज़र' फ़िल्म को अगर कोई याद करता है तो बस इस दिलकश गीत की वजह से। दोस्तों, प्यार भरे युगल गीतों की इस शृंखला में आइए आज सुनते हैं स्वर कोकिला लता जी और गायकी के शहंशाह रफ़ी साहब की आवाज़ें! लेकिन गीत सुनने से पहले एक अंतरा और पढ़ लीजिए इस गीत का जिसे मैंने लिखने की गुस्ताख़ कोशिश की है...

"तूने ही तो कहा था, मरना हमें गवारा नहीं,
हमको तो ज़िंदा रहके, करनी है दुनिया में रोशनी,
कितनी सच्ची कही है, कितनी अच्छी कही है,
दिल को बहुत ही भाये है, पत्ता पत्ता...."।



क्या आप जानते हैं...
कि लता मंगेशकर और मोहम्मद रफ़ी ने साथ में कुल ४४० युगल गीत गाए हैं।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 8/शृंखला 06
गीत का ये हिस्सा सुनें-


अतिरिक्त सूत्र - किसी अन्य सूत्र की दरकार नहीं.

सवाल १ - गीतकार बताएं - २ अंक
सवाल २ - फिल्म का नाम बताएं - १ अंक
सवाल ३ - संगीतकार बताएं - १ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
इंदु जी ये आपने क्या किया...अंक नहीं मिल पायेंगें, शरद जी का तुक्का एकदम सही है

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Thursday, November 4, 2010

कहते हैं मुझको हवा हवाई....अदाएं, जलवे, रिदम, आवाज़ और नृत्य के जबरदस्त संगम के बीच भी हुई एक छोटी सी भूल

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 520/2010/220

'आवाज़' के सभी सुननेवालों और पाठकों को हमारी तरफ़ से ज्योति-पर्व दीपावली की हार्दिक शुभकानाएँ। यह पर्व आप सब के जीवन में अपार शोहरत और ख़ुशियाँ लेकर आए, आपके जीवन के सारे अंधकार मिट जाएँ, पूरा समाज अंधकार मुक्त हो, यही हमारी ईश्वर से कामना है। 'ओल्ड इज़ गोल्ड' पर इन दिनों आप सुन रहे हैं लघु शृंखला 'गीत गड़बड़ी वाले'। आज इस शृंखला की अंतिम कड़ी के लिए हमने चुना है फ़िल्म 'मिस्टर इण्डिया' का सुपरहिट गीत "हवा हवाई"। जी हाँ, इस गीत में भी एक गड़बड़ी हुई है, और इस बार कठघड़े में लाया जा रहा है गायिका कविता कृष्णमूर्ती को। दोस्तों, आपको बता दें कि 'ओल्ड इज़ गोल्ड' पर कविता जी की आवाज़ आज पहली बार बज रही है। नए दौर की गायिकाओं में कविता जी मेरी फ़ेवरीट गायिका रही हैं। मुझे ऐसा लगता है कि कविता जी की जो प्रतिभा है, उसका सही सही मूल्यांकन फ़िल्मी दुनिया नहीं कर सकीं, नहीं तो उनसे बहुत से अच्छे गानें गवाये जा सकते थे। ख़ैर, आज बातें "हवा हवाई" की। गड़बड़ी पर आने से पहले आपको इस गीत के निर्माण से जुड़ी एक दिलचस्प जानकारी देना चाहेंगे। इस गीत के शुरुआती जो बोल हैं, जिसमें "होनोलुलु, हॊंगकॊंग, किंगकॊंग, मोमबासा" जैसे अर्थहीन शब्द बोले जाते हैं, दरअसल ये शब्द डमी के तौर पर लिखे गये थे गीत को कम्पोज़ करने के लिए। लेकिन ये शब्द आपस में इस तरह से जुड़ गये और गीत में हास्य रस के भाव को देखते हुए सभी को ये शब्द इतने भा गये कि इन्हें गीत में रख लेने का तय हो गया। जावेद अख़्तर ने यह गीत लिखा और संगीतकार थे लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल। जावेद साहब के साथ ऐसा ही एक और वाक्या हुआ था कि जब डमी के तौर पर लिखे शब्द गीत का मुखड़ा बन गया। जी हाँ, माधुरी दीक्षित को रातों रात स्तार बनाने वाला गीत "एक दो तीन"। फ़िल्म 'तेज़ाब' के इस गीत में "एक दो तीन चार..." डमी के तौर पर रखे गये थे, लेकिन बाद में इसी को कण्टिन्यु करके गीत का पूरा मुखड़ा बना दिया गया। है ना मज़ेदार ये दोनों क़िस्से!

अब आते हैं इस गीत में हुई ग़लती पर। दोस्तों, इस गीत का एक अंतरा कुछ इस तरह का है -

"समझे क्या हो नादानों,
मुझको भोली ना जानो,
मैं हूँ सपनों की रानी,
काटा माँगे ना पानी,
सागर से मोती छीनूँ,
दीपक से ज्योति छीनूँ,
पत्थर से आग लगा दूँ,
सीने से राज़ चुरा लूँ,
जीना जो तुमने बात छुपाई,
जानू जो तुमने बात छुपाई,
कहते हैं मुझको हवा हवाई"।

इस अंतरे में सब कुछ ठीक ठाक चल रहा था, लेकिन "जीना जो तुमने बात छुपाई" कुछ अजीब सा नहीं लग रहा आपको? हमारे ख़याल से तो "जीना" के बदले "जानूँ" होना चाहिए था। कविता जी शायद ग़लती से पहली बार "जीना" गा गईं, लेकिन क्योंकि यह लाइन रिपीट होती है, तो अगली बार उन्होंने इसे "जानूँ" ही गाया। हो सकता है इस तरफ़ आपने भी कभी ग़ौर किया होगा, या नहीं किया होगा। तो दोस्तों, इस तरह से १० गड़बड़ी वाले गीतों से सजी यह लघु शृंखला यहीं पे समाप्त होती है। हमें आशा है कि शृंखला का आपने भरपूर आनंद उठाया होगा। हम एक बार फिर से उन सभी महान कलाकारों से माफ़ी चाहते हैं जिनकी ग़लतियों की हमने चर्चा की। आप सब महान कलाकारों का फ़िल्म संगीत के धरोहर को समृद्ध करने में जो योगदान है, उसकी तुलना में ये ग़लतियाँ नगण्य है। आप सुनिए 'मिस्टर इण्डिया' फ़िल्म का यह मचलता गीत और याद कीजिए हवा हवाई गर्ल श्रीदेवी की उन चुलबुली अदाओं को। मैं तो चला पटाख़े फोड़ने। आप सभी को एक बार फिर 'हैप्पी दिवाली'। नमस्कार!



क्या आप जानते हैं...
कि गायिका कविता कृष्णमूर्ती का पहला गीत लता मंगेशकर के साथ गाया हुआ एक बंगला गीत था।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली ०१ /शृंखला ०३
लीजिए गीत का इंटरल्यूड और पहले अंतरे के दो शब्द भी है इस झलक में-


अतिरिक्त सूत्र - लता की आवाज़ में है ये गीत.

सवाल १ - गीतकार हिंदी साहित्य में भी बहुत बड़ा नाम रखते हैं, (इनकी सुपुत्री अंतरजाल पर हिंदी लेखन में काफी सक्रिय हैं) गीतकार का नाम बताएं- १ अंक
सवाल २ - संगीतकार बताएं - २ अंक
सवाल ३ - फिल्म का नाम क्या है - १ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
अरे दूसरी शृंखला में अमित जी और शरद जी के बीच टाई हो गया है. ऐसे में हमें दोनों को ही एक एक बार विजेता घोषित करना पड़ेगा. यानी कि अब तक श्याम कान्त जी, अमित जी और शरद जी एक एक बाज़ी जीत चुके हैं. चलिए अब नयी चुनौती का सामना कीजिये. वैसे कल अमित जी अगर १ अंक के सवाल का भी जवाब दे देते तो सोलो विजेता बन जाते पर कल वो आये ही नहीं. हमारे श्याम कान्त जी नदारद हैं. प्रतिभा जी इस बार नए सिरे से झुझिये इन धुरंधरों से. अवध और नीरज जी आपका आभार इतनी दिलचस्प जानकारियाँ बांटने के लिए

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Thursday, October 21, 2010

एक प्यार का नगमा है.....संगीतकार जोड़ी एल पी के विशाल संगीत खजाने को, दशकों दशकों तक फैले संगीत सफर को सलाम करता एक गीत

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 510/2010/210

"मैं एक गाना बोलता हूँ आपको जो मुझे बहुत पसंद है, और सब से बड़ी ख़ुशी मुझे इसलिए है कि वह ट्युन लक्ष्मी जी ने ख़ुद बनायी हुई है। मतलब कम्प्लीट सोच उनकी है, वह गीत है "एक प्यार का नग़मा है"। 'ओल्ड इज़ गोल्ड' के दोस्तों नमस्कार, 'एक प्यार का नग़मा है' शृंखला की अंतिम कड़ी में आपका बहुत बहुत स्वागत है। प्यारेलाल जी के कहे इन शब्दों को हम आगे बढ़ाएँगे, लेकिन उससे पहले हमारे तमाम नये दोस्तों के लिए यह बता दें कि इन दिनों आप 'ओल्ड इज़ गोल्ड' पर सुन रहे हैं सगीतकार जोड़ी लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल के स्वरबद्ध गीतों से सजी यह लघु शृंखला और आज इस शृंखला को हम अंजाम दे रहे हैं इस दिल को छू लेने वाले युगल गीत के ज़रिये। फ़िल्म 'शोर' का यह सदाबहार गीत है लता और मुकेश की आवाज़ों में जिसमें है यमन और बिलावल का स्पर्श। इस गीत को मनोज कुमार और नंदा पर बड़ी ही कलात्मक्ता से फ़िल्मांकन किया गया है। आनंद बक्शी, राजेन्द्र कृष्ण, भरत व्यास, राजा मेहंदी अली ख़ान, और मजरूह सुल्तानपुरी के बाद आज बारी गीतकार संतोष आनंद की। मनोज कुमार की कई फ़िल्मों में इन्होंने गीत लिखे और 'रोटी कपड़ा और मकान' के गीत "मैं ना भूलूँगा" के लिए उन्हें फ़िल्मफ़ेयर अवार्ड भी मिला था। आइए अब प्यारेलाल जी की बातों को आगे बढ़ाया जाए। "इस गीत में क्या है कि यह जो इंटरनैशनल म्युज़िक होता है, इसमें वह ख़ुशबू है, इटरनैशनल अपील है। समझे ना आप! तो ये जो ख़ुशबू है यह पूरी में महक सकती है, ऐसी सुगंध है जो सब पसंद करेंगे। लक्ष्मी जी, नहीं हम साथ साथ में ही हैं, लेकिन कभी कभी मैं सोचता हूँ, तो बैठ के मैं यह सोचता हूँ कि "एक प्यार का नग़मा है, मौजों की रवानी है, ज़िंदगी और कुछ भी नहीं, तेरी मेरी कहानी है"। तो लक्ष्मी जी और मेरे बीच में एक बात है, जो आज बहुत फ़ील होता है और आइ लव दिस ट्युन, इट्स माइ फ़ेवरीट, और यह और ज़्यादा फ़ेवरीट है क्योंकि यह कम्प्लीट सॊंग् इस मेड बाइ लक्ष्मी जी, यह मुझे बहुत ख़ुशी होती है बोलते हुए।"

दोस्तों, प्यारेलाल जी की ये बातें विविध भारती के उसी 'उजाले उनकी यादों के' कार्यक्रम से हमने बटोरी है। यहीं पर इस गीत की चर्चा ख़त्म नहीं होती है। दरअसल यह गीत एल.पी के करीयर का एक इतना अहम गीत रहा है कि इसकी चर्चा इतने में समाप्त हो ही नहीं सकती। आइए उसी इंटरव्यु का एक और अंश यहाँ प्रस्तुत किया जाये जिसमें भी इस गीत का ज़िक्र हो आया था।

कमल शर्मा: प्यारे जी, ऐसा मौका आया कभी कि साज़िंदे को लेकर किसी डिरेक्टर ने, प्रोड्युसर ने कहा हो कि इनको पैसा बहुत ज़्यादा दे रहे हो, क्या इनका काम है? लेकिन उसकी अहमीयत आपको पता है कि वो आरटिस्ट क्या कमाल कर सकता है।

प्यारेलाल: यहाँ पर देखिए, संगीत ऐसी चीज़ है जिसकी कोई कीमत नहीं है, जो आप जानते भी हैं, फिर भी मैं बोल दूँ आपको कि संगीत जो है इसको बेचा नहीं जा सकता, इस पे पैसे नहीं कमाते, लेकिन आज टाइम आ गया है, आज क्या फिर शुरु हो गया है लेकिन हमेशा मैं तो यह सोचता हूँ कि एक आरटिस्ट, अगर वो एक पीस भी बजा दे, एक लाइन भी गा दे, उसकी जो कीमत है, वह हम नहीं दे सकते। हर एक गाने का अपना एक रूप होता है, तो साज़िंदे जितने होते हैं, जो रीयल आरटिस्ट होते हैं, जैसे हमारे साथ, हमने साथ में काम किया, हरि जी हैं, सुमंत जी हैं फ़्ल्युट के अंदर, और शिव जी हैं, जो आज बड़े बड़े नाम हैं, और हमारे जो अच्छे म्युज़िशियन्स हैं फ़िल्म के, जो फ़िल्म मे ही रह गये, बाहर नहीं गये वो लोग, इनसे क्या होता था कि बहुत समझ के बजाते थे वो लोग, जैसे आपको याद होगा "एक प्यार का नग़मा है", उसमें देखिये जो वायलिन बजाया है, उनका नाम है जयी फ़रनन्डेज़, उन्होंने बजाया है। देखिये, वॊयस और वायलिन का लगता है एक संगम हो रहा है, दोनों, 'इन्स्ट्रुमेण्ट और वॊयस, तो ये चीज़ बहुत काम करती है।

दोस्तों, लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल के रचे गीतों का आकाश इतना विराट है कि इस छोटी सी शृंखला में उनके संगीत के वयविद्ध को समेट पाना मुश्किल ही नहीं नामुमकिन है। फिर भी हमने कोशिश की कि इस सुरीले महासागर से १० बेमिसाल मोतियाँ चुन कर आपके लिए एक गीत-माला में पिरोया जाये। यह सुरीला हार आपको कैसा लगा हमें ज़रूर लिखिएगा oig@hindyugm.com के पते पर। चलते चलते बस यही कहेंगे कि एल.पी की यात्रा बेशक कुछ दशकों की है, लेकिन उनका संगीत युग युगांतर तक गूजता रहेगा इस धरती पर, बरसता रहेगा सुरीली बारिश के रूप में। लक्ष्मीकांत जी को 'आवाज़' परिवार की ओर से श्रद्धा सुमन, और प्यारेलाल जी के लिए ईश्वर से यही कामना कि उन्हें दीर्घायु करें, उत्तम स्वास्थ्य प्रदान करें। अब इसी के साथ 'एक प्यार का नग़मा है' शृंखला को समाप्त करने की दीजिए हमें इजाज़त, और आप सुनिए फ़िल्म 'शोर' का यह सदाबहार नग़मा, और सलाम कीजिए लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल की सुर साधना को। नमस्कार!



क्या आप जानते हैं...
कि 'शोर' के लिए मनोज कुमार ने अपने पसंदीदा संगीतकार कल्याणजी-आनंदजी से कुछ मनमुटाव के कारण लक्ष्मी-प्यारे को चुना। और एल.पी ने ऐसा समा बांधा कि अपने आप को मनोज कुमार कैम्प में स्थापित कर लिया।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली ०१ /शृंखला ०२
ये पंक्तियाँ सुनिए गीत की -


अतिरिक्त सूत्र - गायक का साथ दिया है अमीरबाई कर्नाटकी ने इस युगल गीत में

सवाल १ - गायक बताएं - १ अंक
सवाल २ - मुखड़े की पहली पंक्ति बताएं - १ अंक
सवाल ३ - फिल्म का नाम बताएं - २ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
पहली बाज़ी श्याम कान्त जी के नाम रही...बधाई. अमित जी, बिट्टू जी, शरद जी सभी ने बढ़िया खेला...अगली श्रृंखला के लिए शुभकामनाएं

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Wednesday, October 20, 2010

खुशी की वो रात आ गयी..... और माहौल में गम की सदा भी घुल गयी, एल पी और मुकेश का गठबंधन

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 509/2010/209

'ओल्ड इज़ गोल्ड' के दोस्तों, नमस्कार! इन दिनों इस स्तंभ में आप सुन रहे हैं फ़िल्म जगत के सुप्रसिद्ध संगीतकार जोड़ी लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल के स्वरबद्ध गीतों से सजी लघु शृंखला 'एक प्यार का नग़मा है'। आज इस शृंखला की नौवी कड़ी में हम चुन लाये हैं मुकेश की आवाज़ में फ़िल्म 'धरती कहे पुकार के' का एक ऐसा गीत जिसमें है विरोधाभास। विरोधाभास इसलिए कि गीत के बोलों में तो ख़ुशी की बात की जा रही है, लेकिन गायकी के अदाज़ में करुण रस का संचार हो रहा है। "ख़ुशी की वह रात आ गयी, कोई गीत जगने दो, गाओ रे झूम झूम"। इस तरह के गीतों का हिंदी फ़िल्मों में कई कई बार प्रयोग हुआ है। सिचुएशन कुछ इस तरह की होती है कि नायिका की शादी नायक के बजाय किसी और से हो रही होती है, और शादी के उस जलसे में नायक नायिका को शुभकामनाएँ देते हुए गीत गाता तो है, लेकिन उस गीत में छुपा होता है उसके दिल का दर्द। कुछ ऐसे ही गीतों की याद दिलाएँ आपको? फ़िल्म 'पारसमणि' का गीत "सलामत रहो, सलामत रहो", फ़िल्म 'मिलन' में मुकेश का ही गाया हुआ कुछ इसी तरह का एक गीत "मुबारक़ हो सब को समा ये सुहाना, मैं ख़ुश हूँ मेरे आँसुओं पे ना जाना, मैं तो दीवाना दीवाना दीवाना", और फिर किशोर दा ने भी तो फ़िल्म 'एक बार मुस्कुरा दो' में नय्यर साहब के कम्पोज़िशन में गाया था "रूप तेरा ऐसा दर्पण में ना समाये... पलक बंद कर लूँ कहीं छलक ही ना जाये"। फ़िल्म 'धरती कहे पुकार के' के प्रस्तुत गीत को लिखा है मजरूह सुल्तानपुरी ने, और एल. पी ने क्या ग़ज़ब का संगीत संयोजन किया है। दिल को छू लेने वाले विदाई के सुर में सजे शहनाई के करुण पीसेस और उस पर ढोलक के ठेके, गीत को सुनते हुए ऐसा लगता है कि जैसे किसी की शादी की महफ़िल में ही हम शरीक हो गये हों। गाने का जो रीदम है, उसमें एल.पी की ख़ास शैली और स्टाइल सुनने को मिलता है। दोस्तों, हमने पहले भी शायद कभी कहा होगा कि एल.पी, कल्याणजी-आनंदजी और आर.डी. बर्मन, इन तीनों के स्वरबद्ध गीतों में हम फ़रक कर सकते हैं उनके रीदम पैटर्ण को समझ कर। इस गीत का जो रीदम पैटर्ण है, वो ख़ास ख़ास एल.पी का स्टाइल है, यह कहने की नहीं बल्कि महसूस करने की बात है। राग यमन की छाया लिए इस गीत में मुकेश जी ने भी क्या दर्द डाला है कि जैसे गीत उनकी आवाज़ पा कर जी उठा हो।

'धरती कहे पुकार के' सन् १९६९ की फ़िल्म थी जिसका निर्माण किया था दीनानाथ शास्त्री ने। दुलाल गुहा निर्देशित इस फ़िल्म के मुख्य कलाकार थे जीतेन्द्र, नंदा, संजीव कुमार, निबेदिता, कन्हैयालाल, दुर्गा खोटे आदि। ध्वनि विभाग में थे रॊबिन चटर्जी जो एक मशहूर रेकॊर्डिस्ट रहे हैं। अनगिनत फ़िल्मों के गीत और बैकग्राउण्ड म्युज़िक उन्होंने रेकॊर्ड किये हैं एक लम्बे अरसे तक। उनकी पहली फ़िल्म बतौर सॊंग् रेकॊर्डिस्ट थी १९५१ की 'बाज़ी', और आख़िरी फ़िल्म थी १९९१ की 'पत्थर'। भले ही उनका नाम बतौर रेकॊर्डिस्ट ज़्यादा हुआ, उन्होंने ४० के दशक के कई बांगला फ़िल्मों में संगीत भी दिया है। ख़ैर, वापस आते हैं लक्ष्मी-प्यारे पर। विविध भारती के 'उजाले उनकी यादों के' शृंखला के उस इंटरव्यु में जब कमल शर्मा ने प्यारेलाल जी से यह पूछा कि "मेल सिंगर्स की बात करें तो मुकेश जी ने भी आप के लिये...", उन्होंने बस इतना ही कहा था कि प्यारेलाल जी कह उठे - "देखिये, 'एम' लेटर जो है ना, ये सब सिंगर्स के लिए दिया गया है। आप किसी भी सिंगर का नाम लीजिए, लता मंगेशकर लीजिए, आशा मंगेशकर लीजिए, मोहम्मद रफ़ी हैं, महेन्द्र कपूर हैं, मुकेश हैं, तलत महमूद हैं। तो 'एम' लेटर जो है, इनका मध्यम जो है वह 'प्योर' है। और म्युज़िक भी जुड़ा हुआ है, 'म्युज़िक' में भी 'एम' है। वही बता रहा हूँ, मध्यम, मैं बहुत मानता हूँ इन सब चीज़ों को। ल ता मं गे श क र, कितने हो गये, सात, यानी सात सुर" दोस्तों, प्यारेलाल जी तो मुकेश से लता जी पर आ गये। ख़ैर कोई बात नहीं, जब यह बात आ ही गयी है तो यहाँ आपको यह बता दें कि कल के गीत में आप मुकेश और लता, दोनों की आवाज़ें सुन पायेंगे। लेकिन फिलहाल आइए मुकेश जी की एकल आवाज़ में सुनते हैं "ख़ुशी की वह रात गयी"। बेहद ख़ूबसूरत गीत है और शायद आपका मनपसंद भी, है न?



क्या आप जानते हैं...
कि लक्ष्मीकांत की मई, १९९८ में जब मृत्यु हो गई उस समय एल.पी की जोड़ी गिरीश कर्नाड की 'स्वराजनामा' और 'आम्रपाली' जैसी फ़िल्मों के लिए काम कर रहे थे, लेकिन यह काम अधुरा ही रह गया। लक्ष्मीकांत की मृत्यु के बाद प्यारेलाल ने भी संगीत देने का काम छोड़ दिया।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली 09 /शृंखला ०१
ये धुन उस गीत के प्रिल्यूड की है, सुनिए -


अतिरिक्त सूत्र - किसी अतिरिक्त सूत्र की जरुरत नहीं है इस गीत को पहचानने के लिए, फिर भी बता दें कि लता मुकेश के स्वरों में है ये

सवाल १ - गीतकार बताएं - १ अंक
सवाल २ - इस मशहूर फिल्म का नाम बताएं - १ अंक
सवाल ३ - गीत के ऒरकेस्ट्रेशन में उस साज़ का प्रॊमिनेण्ट इस्तेमाल हुआ है जिस साज़ में प्यारेलाल को महारथ हासिल है। साज बताएं - २ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
श्याम कान्त जी ने इस शृंखला के लिए अजय बढ़त बना ली है अब, बहुत बधाई....अमित जी और गुड्डू जी को भी...शरद जी कहाँ हैं इन दिनों

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Tuesday, October 19, 2010

रोज शाम आती थी, मगर ऐसी न थी.....जब शाम के रंग में हो एल पी के मधुर धुनों की मिठास, तो क्यों न बने हर शाम खास

ओल्ड इस गोल्ड शृंखला # 508/2010/208

क्ष्मीकांत-प्यारेलाल के धुनों से सजी लघु शंखला 'एक प्यार का नग़मा है' में आज एक और आकर्षक गीत की बारी। लेकिन इस गीत का ज़िक्र करने से पहले आइए आज आपको एल.पी के बतौर स्वतंत्र संगीतकार शुरु शुरु के फ़िल्मों के बारे में बताया जाए। स्वतंत्र रूप से पहली बार 'तुमसे प्यार हो गया', 'पिया लोग क्या कहेंगे', और 'छैला बाबू' में संगीत देने का उन्हें मौका मिला था। 'तुमसे प्यार हो गया' और 'छैला बाबू' दोनों के लिए चार-चार गाने भी रेकॊर्ड हो गये पर 'तुमसे प्यार हो गया' के निर्माता ही भाग निकले और 'छैला बाबू' रुक गई, जो कुछ वर्षों बाद जाकर पूरी हुई। 'सिंदबाद' के लिए भी रेकॊर्डिंग् हुई पर फ़िल्म पूरी न हो सकी। 'तुमसे प्यार हो गया' के लिए उनकी पहली रेकॊर्डिंग् "कल रात एक सपना देखा" (लता, सुबीर सेन) तो आज तक विलुप्त ही है, पर 'पिया लोग क्या कहेंगे' के इसी मुखड़े के लता के गाये शीर्षक गीत की धुन उन्होंने आगे जाकर 'दोस्ती' के "चाहूँगा मैं तुझे साँझ सवेरे" में इस्तेमाल कर लिया। इसी बीच बाबूभाई मिस्त्री की 'पारसमणि' जैसी सी-ग्रेड फ़ैंटसी फ़िल्म मिली। युं तो 'पारसमणि' एक फ़ैण्टसी फ़िल्म थी और बैनर भी बड़ा बड़ा नहीं था, पर इस सी-ग्रेड फ़िल्म का भी हर गाना सुपरहिट करा कर लक्ष्मी-प्यारे ने उन तमाम संगीतकारों को सीधी चुनौती दे दी जो अपनी असफलता का कारण बड़े बैनर और बड़े स्टार्स की फ़िल्म में अवसर न मिलना बताते थे। 'पारसमणि' के बाद एल.पी ने फिर पीछे मुड़कर नहीं देखा। एक ऐसा सुरीला तूफ़ान उठाया फ़िल्म संगीत जगत में, जो आज तक नहीं रुक पाया है। आइए अब वापस आते हैं आज के गाने पर। आज आपको सुनवा रहे हैं मजरूह सुल्तानपुरी का लिखा और लता मंगेशकर का गाया फ़िल्म 'इम्तिहान' का गीत "रोज़ शाम आती थी मगर ऐसी ना थी, रोज़ रोज़ घटा छाती थी मगर ऐसी ना थी, ये आज मेरी ज़िंदगी में कौन आ गया"।

'इम्तिहान' साल १९७४ की फ़िल्म थी जिसे आज याद किया जाता है "रुक जाना नहीं तू कहीं हार के" गीत की वजह से। फ़िल्म के मुख्य कलाकार थे विनोद खन्ना और तनुजा, और इसकी कहानी भी और दूसरी फ़िल्मों से अलग हट कर थी। आज तो विविध विषयों पर फ़िल्मे बन रही हैं और लोग उन्हें सफल भी बना रहे हैं, लेकिन उस ज़माने मे इन "अलग हट के" फ़िल्मों का अंजाम बहुत ज़्यादा सुखद नहीं होता था व्यावसायिक रूप से। विनोद खन्ना शायद पहली बार इसमें नायक की भूमिका में नज़र आये थे। इससे पहले वो ज़्यादा खलनायक के चरित्रों मे ही नज़र आये थे। ख़ैर, इस फ़िल्म में लता जी का गाया "रोज़ शाम आती थी" गीत एक नया प्रयोग था। दोस्तों, ये सच है कि लक्ष्मी-प्यारे ने सब से ज़्यादा गीत लता जी से गवाये, लेकिन इस बात से भी इंकार नहीं किया जा सकता कि इतने सारे गानें होने के बावजूद भी हर गाना दूसरे से अलग कम्पोज़ किया। आप लता - एल.पी कम्बिनेशन के कोई भी दो गीत ले लीजिए, आपको कभी कोई समानता नज़र नहीं आयेगी। आज के प्रस्तुत गीत को एल.पी ने लता से बेहद ऊँची पट्टी पर गवाया और एक नई बेहद आकर्षक आधुनिक शैली में कम्पोज़ किया। ऒर्केस्ट्रा की बात करें तो फ़्रेंच हॊर्ण और ईरानियन संतूर का किस ख़ूबसूरती से ब्लेण्डिंग् की गयी है लता जी के उस ऊँची पट्टी वाले जगहों पर। फ़िल्मांकन की बात करें तो क्योंकि शाम का गीत है, इसलिए एक गुलाबी और नारंगी रंग के फ़िल्टर के इस्तेमाल से सूर्यास्त का रंग लाया गया है। उन दिनों इसी तरह से अलग रंगों के फ़िल्टर के माध्यम से शाम, रात और सुबह के रंग लाये जाते थे। और आख़िर में मजरूह साहब के लेखन की बात करें तो मुझे तो गीत का दूसरा अंतरा बहुत ही अच्छा लगता है कि "अरमानों का रंग है जहाँ पलकें उठाती हूँ मैं, हँस हँस के हैं देखती जो भी मूरत बनाती हूँ मैं"। हमें पूरी उम्मीद है कि यह गीत आपका भी फ़ेवरीट होगा, तो आप अपनी पसंद के साथ साथ मेरी पसंद भी शामिल कर लीजिए, क्योंकि यह गीत मेरा भी पसंदीदा गीत रहा है। आइए सुनते हैं...



क्या आप जानते हैं...
कि 'झूम बराबर झूम' फ़िल्म के गीत "बोल ना हल्के हल्के" के लिए पहले लता मंगेशकर को चुना गया था। लेकिन ऊँची पट्टी पर ना गा पाने की वजह से लता जी ने ही यह गीत गाने से मना कर दिया।

दोस्तों अब पहेली है आपके संगीत ज्ञान की कड़ी परीक्षा, आपने करना ये है कि नीचे दी गयी धुन को सुनना है और अंदाज़ा लगाना है उस अगले गीत का. गीत पहचान लेंगें तो आपके लिए नीचे दिए सवाल भी कुछ मुश्किल नहीं रहेंगें. नियम वही हैं कि एक आई डी से आप केवल एक प्रश्न का ही जवाब दे पायेंगें. हर १० अंकों की शृंखला का एक विजेता होगा, और जो १००० वें एपिसोड तक सबसे अधिक श्रृंखलाओं में विजय हासिल करेगा वो ही अंतिम महा विजेता माना जायेगा. और हाँ इस बार इस महाविजेता का पुरस्कार नकद राशि में होगा ....कितने ?....इसे रहस्य रहने दीजिए अभी के लिए :)

पहेली ०७ /शृंखला ०१
ये धुन उस गीत के लंबे प्रिल्यूड की है, सुनिए -


अतिरिक्त सूत्र - एक अंतरे में शब्द है -"बसंती"

सवाल १ - गीतकार बताएं - १ अंक
सवाल २ - इस फिल्म का शीर्षक बिमल रॉय की एक मशहूर फिल्म के गीत की पहली पंक्ति से लिया गया है नाम बताएं - १ अंक
सवाल ३ - फिल्म के निर्देशक बताएं - २ अंक

पिछली पहेली का परिणाम -
श्याम कान्त जी अब १० अंकों पर आ चुके हैं, बहुत बधाई. अमित जी और बिट्टू जी भी सही जवाब लेकर हाज़िर हुए. पहली बार शंकर लाल जी ने सही जवाब दिया मगर जरा देर से, अंक तो नहीं मिलेंगें, पर हमारी शाबाशी जरूर मिलेगी आपको. अवध जी सही जानकारी दी आपने. रोमेंद्र जी आप शाम ६.३० भारतीय समयानुसार अगर आवाज़ पर आते है तो आप भी पहले जवाब दे पायेंगें, मेल का इन्तेज़ार मत करते रहा कीजिये. अरे वाह इंदु जी, चलिए अब एक और प्रतिभागी हमारा तैयार हो गया...अब शरद जी और श्याम जी के लिए मुकाबला तगड़ा होगा. हमारी कनाडा टीम इन दिनों नदारद है, कोई खबर तो दीजिए

खोज व आलेख- सुजॉय चटर्जी


इन्टरनेट पर अब तक की सबसे लंबी और सबसे सफल ये शृंखला पार कर चुकी है ५०० एपिसोडों लंबा सफर. इस सफर के कुछ यादगार पड़ावों को जानिये इस फ्लेशबैक एपिसोड में. हम ओल्ड इस गोल्ड के इस अनुभव को प्रिंट और ऑडियो फॉर्मेट में बदलकर अधिक से अधिक श्रोताओं तक पहुंचाना चाहते हैं. इस अभियान में आप रचनात्मक और आर्थिक सहयोग देकर हमारी मदद कर सकते हैं. पुराने, सुमधुर, गोल्ड गीतों के वो साथी जो इस मुहीम में हमारा साथ देना चाहें हमें oig@hindyugm.com पर संपर्क कर सकते हैं या कॉल करें 09871123997 (सजीव सारथी) या 09878034427 (सुजॉय चटर्जी) को

Total Pageviews

The Radio Playback Originals (Click on the covers to reach out the Albums)



Popular Posts

खरा सोना गीत

खरा सोना गीत - ऑडियो पॉडकास्ट
आपको प्यार छुपाने की बुरी आदत है
सी ए टी कैट...कैट माने बिल्ली
डम डम डिगा डिगा
रुला के गया सपना मेरा
शोख नज़र की बिजिलियाँ
टिम टिम टिम तारों के दीप जले
मेरी दुनिया है माँ तेरे आँचल में
वो हमसे चुप हैं
माई री मैं कासे कहूँ
यार बादशाह
आज की ताज़ा खबर
आँखों से जो

मिलिए रेडियो प्लेबैक के इन दमदार आर्टिस्टों से

संग्रहालय

Labels

sujooi chatterjee (863) old is gold (848) old classics (751) lata mangeshkar (299) suno kahani (249) krishnamohan mishra (224) amit tiwari (214) sajeev sarathie (214) Anurag Sharma (201) sujoy chatterjee (186) vishwa deepak tanha (148) taaza sur taal (139) mohammad rafi (131) sujoy chaterji (118) mehfil-e-ghazal (116) Aaj ka Gaana (115) सुनो कहानी (110) krishn mohan mishra (109) kahani (106) Famous stories (99) mukesh (97) Hindi audio book (96) hindi kahaniyan (95) story narration (95) stories (94) story in voice (93) kahaniyon mein aawaaz (91) kishore kumar (87) manna dey (86) बोलती कहानियाँ (85) Hindi (84) majrooh sultanpuri (82) Bolti Kahaniyan (81) .lata mangeshkar (78) Shailendra (78) gulzaar (76) Sangya Tandon (75) anand bakshi (75) old classic (75) s d burman (75) taaza sangeet (74) r d burman (71) Shankar Jaikishan (65) krishna mohan mishra (63) sahir ludhayanvi (62) Interview (61) Audiology (60) cine paheli (60) asha bhonsle (58) Podcast (56) laxmikant pyarelal (55) audio book (54) Hind Yugm (52) asha bhonsale (52) premchand (52) Audio (51) geeta dutt (50) sujoi chatterjee (50) sur sangam (50) Madan Mohan (48) Naushad (48) vishwa deepak (48) ek mulakaat zaroori hai (47) ghazal collections... (47) music review (47) अनुराग शर्मा (47) jagjit singh (46) krishnmohan mishra (46) Rashmi Prabha (45) ek geet sau kahaniyan (45) indian classical music (44) download (43) old is gold revival (43) hemant kumar (42) swar goshthi (42) 100 years of indian cinema (39) shakeel badayuni (39) cover version (38) saturday special (38) gulzar (37) Salil Chaudhari (36) a r rahman (36) khara sona geet (36) playback india broadcast (36) Archana Chaoji (35) Talat Mahmood (35) Kavita (34) hasrat jaipuri (34) o p nayyar (34) hindiyugm (33) mirza ghalib (33) Poem (32) rag bhairavi (32) Composed Song (31) pooja anil (31) kalyanji anand ji (30) win 5000 cash (30) c ramchandra (29) k l sehgal (29) sundaymorning coffee (29) Awaz (28) emailkebahaneyaadonkekhazane (26) roshan (26) anuraag sharma (25) shradhanjali (25) लघुकथा (25) Abhishek Ojha (24) death Anniversary (24) kaifi aazmii (24) khayyam (24) kavyapaath (23) mohd rafi (23) naushaad (23) pandit bhimsen joshi (23) raj kapoor (23) Harishankar Parsai (22) आवाज़ (22) Music (21) audio story (21) season # 03 (21) Podcast Kavi Sammelan (20) Reetesh Khare (20) Shaifali Gupta (20) jaidev (20) raja mehandi ali khan (20) sonu nigam (20) Kuhoo Gupta (19) ghazal (19) pritam (19) rafique sheikh (19) ravi composer (19) rishi s (19) ustad amir khan (19) vasant desai (19) anil biswaas (18) devotional songs (18) indeevar (18) javed akhtar (18) lata sangeet parv (18) mehfil e kahkshaan (18) musical tribute (18) nida fazli (18) rajendra krishan (18) rare gems (18) shreya ghoshal (18) songs reviews (18) sujoy chatterji (18) swargoshthi (18) blogger's choice with rashmi prabha (17) short story (17) sumit chakravorthy (17) FEATURED ARTIST OF THE WEEK (16) Hindi audio (16) Shanno Aggarwal (16) amitabh bhattacharya (16) asha bhosale (16) bharat vyas (16) irshad kamil (16) maine dekhi pahli film (16) pankaj subeer (16) playback vani (16) sanjay patel (16) shankar ehsaan loy (16) suresh wadkar (16) surraiya (16) thumari (16) amit trivedi (15) biswajit nanda (15) classical music (15) girija devi (15) kavi pradeep (15) rajesh roshan (15) sangya tondon (15) Khushbu (14) Sangeet Sameeksha (14) Shobha Mahendru (14) mehender kapoor (14) nusrat fateh ali khan (14) qamar jalalabaadi (14) sangya tandan (14) suman kalyanpur (14) ustad bismillah khan (14) Munshi Premchand (13) NEW RELEASE (13) dev anand (13) featured album of the month (13) hariharan (13) indian folk music (13) music review 2011 (13) music review 2013 (13) original uploads (13) rajender krishan (13) ravindra jain (13) shamshaad begum (13) ustad rashid khan (13) Geetcast (12) Rahat Fateh Ali Khan (12) awaaz mahotsav (12) bhupendra (12) mohit chauhan (12) new songs (12) prakash pandit (12) shamshad begum (12) sufi music (12) thaath (12) vishv deepak tanha (12) Deepali Pant Tiwari (11) RAG BASED SONGS OF MADAN MOHAN (11) RAG BASED SONGS OF NAUSHAD (11) Radio Salaam namaste (11) Sajeev Sarthie (11) Sharad Tailang (11) Swapn Manjusha (11) broadcasting (11) dilip kavathekar (11) featured artist of the month (11) judgement first round (11) k.l. sahgal (11) lata birthday (11) lavanya shah (11) mukesh special (11) noorjahan (11) rag kedar (11) remembering ghalib (11) roop kumar rathod (11) shishir parkhie (11) Articles (10) Jaishankar Prasad (10) Rabindra Nath Tagore (10) Shivani Singh (10) aaj ka kalaakaar (10) amitabh bachan (10) asad bhopali (10) baal Kavita (10) bachchon ki kavitayen (10) chitragupt (10) hridaynath mangeshkar (10) indian classical (10) jaan nisaar akhtar (10) last series (10) male lories (10) music directors worked for raj kapoor (10) neelam Mishra (10) new song every friday (10) o p naiyyar (10) prashn pratiyogita (10) rare song (10) ravindra jain special (10) satire (10) season 2 (10) shabdon ki chaak par (10) shailesh bharatwasi (10) sukhvinder singh (10) sunidhi chauhaan (10) tapan sharma chintak (10) yogesh (10) Aditya Prakash (9) Baal Udyan (9) Girijesh Rao (9) HINDI SONGS (9) Himesh Reshmiya (9) Kishor Kumar (9) Mridul Kirti (9) abida parveen (9) amit kumar (9) bahadur shah zafer (9) bhupen hazarika (9) ek pal kii umr lekar (9) friday release (9) kailash kher (9) kamal barot (9) kishore kumar series (9) lakshmikant pyarelal (9) lata di (9) music news (9) music news week (9) new hindi song (9) new upload (9) nikhil anand giri (9) parasmani acharya (9) purvaayi (9) rag bhimpalasi (9) rag kafi (9) rag malkauns (9) rare songs of lata (9) s h bihari (9) shabdon ke chaak par (9) shankar mahadevan (9) songs 2013 (9) songs 2014 (9) story (9) sudha malhotra (9) varsha geet (9) win 5000 (9) साहित्य (9) 2nd season (8) Anita Kumar (8) Gungunate Lamahe (8) RAGAS AND TIME (8) Ranjana Bhatia (8) SHAAN (8) Top 50 songs of year 2008 (8) Usha Chhabra (8) ahteraam (8) amrita pritam (8) anil vishwas (8) bappi lahiri (8) begum akhtar (8) bimal roy (8) hind yugm awaaz (8) kajari songs (8) kk (8) mahendra kapoor (8) manuj mehta (8) mehdi hasan (8) new composer singer (8) new song review (8) pandit jasraj (8) pandit narender sharma (8) pandit ravi shankar (8) prem dhawan (8) rag bageshri (8) rag khamaj (8) s n tripathi (8) sameer (8) swanand kirkire (8) traditional thumaries (8) vani jayaram (8) Geeton Bhari Kahani (7) KAHKASHAN (7) Kajal Kumar (7) Pawas ke rag (7) Poetry recital (7) RAGAS WITH TWO MADHYAMS (7) Ranjana Bhatia Ranju (7) Srinivas Panda (7) The radio playback originals (7) ahmed faraz (7) amit khanna (7) anjaan (7) annual countdown 2008 (7) anuradha paudwal (7) asha bhosle (7) ashok kumar (7) azeem shayaron ko salaam (7) basant desai (7) baton baton men (7) boigraphy (7) chitalkar (7) chitra singh (7) d n madhok (7) dilip kumar (7) entertainment news (7) filmon men thumri (7) gold series (7) hindi music (7) husnlaal bhagtram (7) indian instrumental music (7) k j yesudas (7) khemchandra prakash (7) madan mohan special (7) mahatma gandhi (7) malini rajurkar (7) manoj kumar (7) mazrooh sultanpuri (7) mitti ke geet (7) naksh lyalpuri (7) new track (7) nutan (7) pandit ajay chakravorthy (7) pandit ravishankar (7) prasoon joshi (7) radio interview (7) rag jogiya (7) rag lalit (7) rag megh malhar (7) rag pahadi (7) raj kapoor vishesh (7) rupesh rishi (7) sumit chakravarthy (7) tujhase naraz nahin zindagi (7) ustad shayaron ko salaam (7) varshik geetmaala (7) vishaal bhardwaj (7) vishaal shekhar (7) vishva deepak tanha (7) wikipedia (7) Asghar Wajahat (6) Kabir (6) Mahadevi Verma (6) Meenakshi (6) Meenu (6) Music Article (6) Pittsburgh (6) R.D. Burman (6) SHREYA GHOSAL (6) SINGER (6) SUNITA YADAV (6) Sakshatkar (6) Urdu (6) ali sardar zafari (6) birthday special (6) choice of sharad tailang (6) dhrupad (6) festival special (6) film chacha zindabad (6) geet sameeksha (6) geeta datt (6) ghulam ali (6) gurudutt (6) holi special (6) johrabai ambalewali (6) khemchand prakash (6) krishan raj kumar (6) kumar aditya (6) manto (6) meer taki meer (6) mohammad ibrahim zauk (6) muveen (6) muzaffer ali (6) n dutta (6) neeraj (6) nirala (6) pandit kumar gandharva (6) pandit omkarnath thakur (6) pankaj malik (6) parag sankla (6) r c boral (6) rag bahar (6) rag bhupali (6) rag pilu (6) rag yaman kalyan (6) s.n. tripathi (6) sangam (6) sangeet sameksha (6) shahnai (6) shubha mudgal (6) sunil dutt (6) tribute (6) tripti shakya (6) ujjwal kumar (6) waah ustad waah (6) yesudas (6) उषा छाबड़ा (6) पूजा अनिल (6) Aparajita Kalyani (5) Chhayawaadi Kavita (5) Faiz Ahmad Faiz (5) Gaurav Solanki (5) Happy new year (5) Hindi Famous stories (5) Krishna Raj Kumar (5) Pakistani Singer (5) Pt. Sudarshan (5) Usha Mangeshkar (5) Voice (5) alka yagnik (5) anu malik (5) artist of hind yugm (5) ashwini bhide deshpande (5) b r chopra (5) bhajan (5) bhimsen joshi (5) birth anniversary (5) chhaya ganguli (5) classical singer (5) darna jhukna (5) dr. n. rajam (5) film baiju bawara (5) film godan (5) film jhanak jhanak payal baaje (5) film ramrajya (5) g m durrani (5) harivansh ray bachan (5) hemant badaya (5) hindi kavitayen (5) hit pared 2013 (5) indivar (5) instrumental music (5) jaydev (5) kajri (5) kaumudi majumdaar (5) kishori amonkar (5) kuldeep singh (5) kumar sanu (5) linta manoj (5) majaz lakhnavi (5) meenu singh (5) mere ye geet yaad rakhna (5) mubarak begum (5) music director roshan (5) nirmala devi (5) online release of book (5) pankaj udhaas (5) playback vaani (5) rabindra sangeet (5) racheta tandon (5) radio playback india (5) rag basant bahar (5) rag bhatiyar (5) rag gaud malhar (5) rag kamod (5) rag sohani (5) rag todi (5) rajesh khanna (5) rashmi nair (5) reader's choice (5) sachindev barman (5) sajjad hussain (5) salim sulemaan (5) sameeksha (5) shakil badayunni (5) shakti samanta (5) shankar jayakishan (5) shweta pandey (5) singer manna dey (5) slumdog millionaire (5) snehil bhatkar (5) sooraj chand aur sitare (5) subhojit (5) talat azeez (5) talat mehmood (5) tarana (5) usha khanna (5) ustaad vilayat khan (5) ustad abdul kareem khan (5) ustad amjad ali khan (5) ustad bade gulam ali khan (5) ustad shahid parvez (5) vandana gupta (5) video download (5) vishal bhardwaj (5) waah ustaad waah series (5) yeshudas (5) अभिषेक ओझा (5) अर्चना चावजी (5) 500th episode of old is gold (4) Alok Shankar (4) Bhisham Sahni (4) Geet Ateet (4) Har Geet Kii Ek Kahani Hoti Hai (4) Harihar Jha (4) Ismat Chugtai (4) KAHAKASHAN (4) Krishan Chander (4) Madhavi Ganapule (4) Maithilisharan Gupt (4) Manna De (4) Monica Gupta (4) Priti Sagar (4) S D Barman (4) SANGEET KE SHIKHAR PAR (4) Sangeet Sameekshak (4) Sudha Arora (4) Vimochan (4) adnan sami (4) aisa nahi ki aaj mujhe (4) akhiri baar bas (4) amir khusro (4) amirbai karnataki (4) amrita imroz (4) anil biswas (4) anuj srivastav (4) anvita das guptan (4) aradhna (4) arijit singh (4) atal bihari vajpeyee (4) awara dil (4) azam khan (4) baiju bawara (4) begam parvin sultana (4) best songs of 2009 (4) bhupendra singh (4) caravan cine-sangeet ka (4) chaiti (4) chale jaana (4) dadara (4) deep jagdeep (4) dil padosi hai (4) dipti saxena (4) faiz ahmed faiz (4) famous interview (4) film bideshiya (4) film hamdard (4) film ladaki (4) film mera saya (4) film sur sangam (4) film tansen (4) ghulam mohammad (4) golden globe (4) gulshan bawara (4) gundecha bandhu (4) hafiz hoshiyaarpuri (4) hansraj behal (4) hasarat jaypuri (4) hemlata (4) hind yugm specials (4) hindi film sangeet (4) illayaraja (4) imroz (4) independence day (4) iqbal bano (4) jeet ke geet (4) kahkashaan (4) kalyan jee-anand jee (4) kamaal amrohi (4) kamal sadana (4) kaminey (4) kavita podcast (4) khushmizaz mitti (4) kidaar sharma (4) kshiti tiwari (4) laxmi pyare (4) laxmikant pyarelaal (4) lyricist (4) madhubala (4) mahesh bhatt (4) main aur mera saaya (4) main nadi (4) mallika pukhraaz (4) manish vandemataram (4) mayuri veena (4) meena kapoor (4) meena kumari (4) meera bhajan (4) mika (4) momin khan momin (4) mughle azam (4) music 2013 (4) music review -year 2009 (4) music video (4) nargis (4) neeraj shridhar (4) new song download (4) new tracks (4) new years special (4) nitin mukesh (4) o muniya (4) o sahibaa (4) p l santoshi (4) palash sen (4) pandit chhannulal mishra (4) pandit narendra sharma (4) pandit shiv kumar sharma (4) pankaj mukesh (4) parul ghosh (4) piyush mishra (4) pradeep somsundaran (4) qateel shifai (4) rachita tandon (4) radhika budhkar (4) radio playback top 25 (4) rag adana (4) rag asavari (4) rag bhairav (4) rag hansdhwani (4) rag miyan ki malhaar (4) rag yaman (4) rahuldev barman (4) raja harishchandra (4) rakesh bakshi (4) ram sampat (4) ramdhari singh dinkar (4) rasoolan baai (4) ravivaar subah ki coffee aur kuch durlabh geet (4) rekha bhardwaaj (4) sach bolta hai (4) sadhna sargam (4) salim (4) sangeet dilon ka utsav hai (4) sanskaar geet (4) sarangi (4) saraswati devi (4) sartaj geet (4) shabbir kumar (4) shamsha begum (4) sharada (4) shiv hari (4) short film series (4) sitar recital (4) subhash ghai (4) subodh sathe (4) sunidhi chauhan (4) suraj jagan (4) surya kant tripathi (4) terrorism (4) third judge (4) thumri (4) top 25 radio playback india (4) tribute to the legand poets (4) udit narayan (4) uma devi (4) ustaad amjad ali khan (4) ustaad bade gulaam ali khaan (4) ustad vilayat khan (4) ustad zakir hussain (4) v. shantaram (4) vidushi girija devi (4) vidushi malini rajurkar (4) vijay akela (4) vivek srivastava (4) vividh bharti (4) weekly news update (4) yearly review (4) yunus khan (4) 1st judge (3) AIR FM Gold (3) Bachpan (3) Cartoonist (3) Dharmendra Kumar Singh (3) Divya Prakash (3) Dr. Prabha Atre (3) Ek Gadhe Ki Vapasi (3) Gopal Das Neeraj (3) HOLI & CHAITI SONGS (3) Hindi recording (3) Kavyanaad (3) LP (3) Lyrics writer (3) Madhavi Ganpule (3) Madhukar Rajasthani (3) Media (3) Nazim Naqvi (3) Nikhil (3) O Henry (3) Pakistani Shayra (3) Pradeep Manoria (3) Pradeep Sharma (3) Pratham Rashmi (3) Rajkumar singh (3) Raksha Bandhan (3) Renu Sinha (3) Shyam Sakha (3) Sudha Om Dhingra (3) Sumitra Nandan Pant (3) Upendranath Ashq (3) Vande Mataram (3) Vimal Chandra Pandey (3) Vishnu Prabhakar (3) Vivek Asthana (3) aapki baat (3) aarti anklikar (3) abhishek bhola (3) ahmed hussain (3) allama iqbal (3) aman kii asha (3) ameen sayani (3) ameerbai karnataki (3) amir meenai (3) amitabh verma (3) antara chakravarthy (3) anushka manchandani (3) appeal (3) archana (3) artist profile (3) asha (3) awaara (3) awaaz collection (3) babul mora naihar chooto jaaye (3) bade gulam ali khan (3) badhe chalo (3) balamurli balu (3) balika vadhu (3) basant dev (3) been (3) begum abida parveen (3) beintehaa pyaar (3) bhent mulaqat (3) bhojpuri (3) bollywood music composer (3) brand new ghazal (3) bulo c rani (3) chaya ganguli (3) chinmayi (3) composers (3) d. harina madhavi (3) deepawali (3) delhi (3) devika raani (3) diler mehandi (3) dilraj kaur (3) dosti (3) dr. lalmani mishra (3) east india company (3) ek mulkaat zaroori hai (3) featured artists of the month (3) film basant bahar (3) film bhakt surdas (3) film goonj uthi shahnai (3) film guddi (3) film kohinoor (3) film malhar (3) film meera (3) film sangeet samrat tansen (3) flute (3) flutist (3) gam diye mustakil kitna nazuk hai dil (3) geet sameksha (3) ghalib ke khat (3) ghulam haider (3) golden era of urdu poetry (3) goonj uthi shahnayi (3) gopal singh nepali (3) guddo dadi (3) happy diwali (3) harshdeep kaur (3) hasan kamaal (3) hasrat mohani (3) hemant (3) hemanti shukla (3) hindi poem (3) hindustani classical (3) hindyugm (3) hit pared (3) holi songs (3) hrishikesh mujherjee (3) husn (3) hussain brothers (3) ibne insha (3) ibrahim ashq (3) indian folk music series (3) indu puri goswami (3) interview with sujoy chatterjee (3) jai ho (3) jaideep sahani (3) jalaluddin rumi (3) jatin lalit (3) javed ali (3) kabban mirza (3) kalpana (3) kanan devi (3) kathapath (3) kavita krihsnamurthy (3) kavvalli (3) kedar sharma (3) khursheed anwar (3) khurshid begam (3) kolkatta (3) krishna pandit (3) kumar (3) lalit pandit (3) listen stories (3) lyricist shailendra (3) lyricists (3) lyrics (3) madanmohan (3) manish kumar (3) master salim (3) meenu purushotham (3) mehboob khan (3) mera naam jokar (3) mere sarkaar (3) mirza daag dehalvi (3) mithun (3) mohammad hussain (3) mohd irfan (3) mukul roy (3) mumbai (3) music competition (3) musician (3) nakshab jarachabi (3) new album (3) new season (3) o.p.naiyar (3) oscar (3) pahala sur (3) pandit d v paluskar (3) pandit hari prasad chaurasia (3) pandit rajan mishra (3) pandit rajan sajan mishra (3) pandit ramnarayan (3) parasmani acahrya (3) patriotic (3) pehla sur (3) podcast on ahmed faraz (3) podcast pustak sameeksha (3) poetry book release (3) preeti sagar (3) pt. hariprasad chaurasiya (3) pt. ravishankar (3) pustak charcha (3) raag kaafi (3) raaj kapoor (3) rag aabhogi (3) rag basant (3) rag bilawal (3) rag darbari (3) rag gaud sarang (3) rag jayant malhar (3) rag jhinjhoti (3) rag mishra khamaj (3) rag ramdasi malhar (3) rag shyam kalyan (3) rag tilak kamod (3) ragas & time (3) rahaten saari (3) rahman (3) rajender krishn (3) rajendra krishna (3) ramkali (3) rare images of kishore and other singers (3) ravii (3) recitation (3) remembering meer (3) republic day special (3) reshma (3) runa laila (3) sajeevsarathie (3) sajid wajid (3) sajjad ali (3) salil chaudhary (3) salman khan (3) sangeet hind yugm (3) sanjog (3) santosh anand (3) saptaah kii sangeet surkhiyan (3) sarod recital (3) shammi kapoor (3) shamshad begam (3) shanakar jaikishan (3) sheela dixit (3) shevan rizvi (3) short film (3) shuddh sarang (3) singer composer (3) singing competition (3) sitamber ke sikander (3) sohail sen (3) songs of october (3) songs that became part of indian freedom struggle (3) soulful melodies (3) special series (3) special songs (3) sreeram emaani (3) sudeep yashraj (3) sufism in india (3) sulakshan pandit (3) suleiman (3) surinder kaur (3) taaza khabar (3) tansen (3) tanveer naqvii (3) telephonic interview (3) tere chehre pe (3) the originals (3) thumri in films (3) total scores (3) tumsa nahi dekha (3) unreleased song (3) ustad ali akbar khan (3) ustad asad ali khan (3) ustad bade ghulam ali khan (3) ustad faiyaaz khan (3) ustad faiyaz khan (3) vaada (3) vaani jayraam (3) vaijaiyantimala (3) vani jayram (3) varanasi (3) vasant dev (3) vijaya rajkotiya (3) violin (3) vishal (3) vishal dadlani (3) wahida rahman (3) woh kaun thi (3) yash chopra (3) बोलती कहानियाँ (3) 2 states (2) 50 years of bhojpuri cinema (2) Aamir khan (2) Abbas Raza Alvi (2) Abhijit Ghoshal (2) Agyeya (2) Ajay Navaria (2) Ajay Yadav (2) Alam Ara (2) Amitabh Meet (2) Anupama Chauhan (2) Arjun Rampal (2) Arun Ye Madhumay Desh Hamara (2) Ati Kya Khandala (2) Australia (2) B. Raghav (2) Band Darwaza (2) Bharatendu Harishchandra (2) CHITRAKATHA (2) Chaand Shukla Hadiabadi (2) DELHI BELLY (2) DU-FM (2) Dashte Tanhai mein (2) De de khuda ke naam pe (2) Deepak Baba (2) Deepak Mashal (2) Deepali Aab (2) Dipak Mashal (2) Film mugal-e-azam (2) Geetkast (2) Ghughuti Basuti (2) Girijesh Kumar (2) Gori Tore Naina Kaajar Bin Kaare (2) Guide (2) Hindi kids poetry (2) Holi aayi re (2) Internet kavi goshthi (2) Jagdish Rawtani (2) Kabuliwala (2) Kahanipath (2) Kala (2) Kamal Kishor Singh (2) Kamalpreet Singh (2) Kavita Verma (2) Kavyagoshthi (2) LP sucess story with top directors (2) Lokarpan (2) Lokpreey Geet (2) MANASI PIMPLEY (2) Madhavi Charudatta (2) Manohar Lele (2) Mantra (2) Mithila (2) Munshi (2) Naseeb Apna Apna (2) Nautanki Saala (2) Neelam Prabha (2) Parul (2) Parul Pukhraj (2) Pittsburg (2) Poetry (2) Premchand Sahajwala (2) Puraskaar (2) Purushottam Pandey (2) RISHI S BALAJI (2) Rag Marubihag (2) Raja (2) Rajeev Ranjan Prasad (2) Rakhi (2) Ramchandra Bhave (2) Rashmi Ravija (2) Salil Varma (2) Sangeetkaar (2) Saraswati Prasad (2) Satish Vammi (2) Sawal-jawab (2) Seema Sachdev (2) Seema Singhal (2) Sharad Joshi (2) Sharda Arora (2) Shikha Varshney (2) Shishir Krishna Sharma (2) Srikant Mishra 'Kant' (2) Sujoy Chaiterji (2) Suman Patil (2) Sumedha (2) Sydney (2) Tulsidas (2) Tushar Joshi (2) VOI (2) Vikash Kumar (2) Vishnu Bairagi (2) Web Radio (2) aag (2) aalam aara (2) aalha (2) aap kyon roye (2) abhi to main jaavan hoon (2) abis rizavi (2) about india (2) about manna dey (2) abraar alwi (2) acharya sajiv salil verma (2) achchhan bai (2) acting (2) adharshila films (2) aggay (2) ak deepesh (2) alama iqbaal (2) album hawa hawa (2) alia bhatt (2) all india radio (2) altaf raja (2) ameer khusro (2) amir khusaro (2) anand (2) anand milind (2) andheri raat ka sooraj (2) anmol ghadi (2) anpadh (2) antara chakravarthi (2) anup jalota (2) anupama (2) anuraag kashyap (2) anuradha (2) anuroop (2) anushka sharma (2) anvita dutt guptan (2) arijeet singh (2) arpita (2) arshna singh (2) arun kumar (2) arvind tiwari (2) arzoo laknawi (2) asaam folk music (2) asha birthday (2) ashok pandey (2) augest ke ashvarohi geet (2) baal udhaan (2) baarish (2) baba bulle shah (2) baba nagarjun (2) babul (2) bachchan singh (2) bade ramdas (2) bageshri (2) balraj sahani (2) bandini (2) bappa lahiri (2) bappi lahri (2) basu bhattacharya (2) beat of indian youth (2) bees saal baad (2) begam akhtar (2) begum parveen sultana (2) beintehaa (2) benny dayal (2) bharat ratn (2) bharateey gyanpeeth (2) bhatiyar (2) bhikhari thakur (2) bhopal (2) bhupendra-mitali (2) biddu (2) bikram ghosh (2) billu barber (2) blue (2) bollywood dairies (2) bombay ka babu (2) bombay talkies (2) bulle shah (2) c a t cat (2) c. ramchandra (2) chaha tha ek shaksh ko jaane kahan chala gaya.. (2) chaitanya bhatt (2) chaiti songs (2) chal ri sajani (2) chaliya (2) chandan sa badan chanchal chitwan (2) chandidas (2) chandrakauns (2) chhalla (2) chhath geet (2) chitchor (2) cochin (2) complete boigraphy (2) concert (2) cricket world cup 2011 theme song (2) d.n. madhok (2) daag (2) danish iqbal (2) dastak (2) dattaram (2) dedh ishkiya (2) delhi 6 (2) deshi (2) dev kohli (2) devotional music (2) dhamar (2) dhaniraam (2) dhaniram (2) dharmendra (2) dhoom 3 (2) dhruvapad (2) dil aaj shayar hai gam aaj nagma hai (2) dil hi to hai (2) dilli 6 (2) dilruba (2) dipali tiwari (2) do biigha zameen (2) dr. kamala shankar (2) dr. soma ghosh (2) dr.mukesh garg (2) drut khayal (2) durlabh geeton ki duniya (2) dutta ram (2) ek charcha sangya tandon ke saath (2) ek dhakka do (2) ek manzil raahi do (2) ek parichay (2) ek raat men (2) euphoria (2) evening ragas (2) faiyaz haashmi (2) fareeda khanum (2) farhaan akhtar (2) farhan akhter (2) farhat shazad (2) farida khannum (2) film bandini (2) film bazar (2) film chashmebaddoor (2) film chitralekha (2) film dekh kabira roya (2) film dhool ka phool (2) film dhoop chhano 1935 (2) film guide (2) film hum dono (2) film kismat (2) film kshudhit pashan (2) film mugal-e-aazam (2) film narasi bhagat (2) film naubahar (2) film personalities (2) film prempatra (2) film roar - tigers of sundarban (2) film sangam (2) film sanjog (2) film sardari begam (2) film sehra (2) film shaq (2) film silsila (2) film songs of 2008 (2) filmfare report (2) flash fiction (2) flute recital (2) gaman (2) gauhar jaan (2) gazal (2) geet (2) geet chaturvedi (2) ghajini (2) ghatam (2) ghazal collections of begum akhtar (2) ghazal singer composer (2) go green (2) grammy awards (2) greatest flute player (2) guitar (2) gulzaar birthday special (2) gumraah (2) gyaan dutt (2) gyandutt (2) habib wali mohammed (2) hafiz jalandhari (2) hai apna dil to awaara na jaane kis pe aayega (2) haqiqat (2) harindranath chattopadhyay (2) harmandir singh hamraaz (2) hasan jahangir (2) helen (2) highway (2) hind yugm video (2) hind-yugm choices (2) hindi bhavan (2) hiradevi mishra (2) hori folk songs (2) hricha mukherjee (2) hum bekhudi men tumko pukare chale gaye (2) ina meena dika (2) indu jain (2) ineterview (2) inse miliye (2) interview with kishore kumar (2) interview with rohan kapoor (2) ismat chugtayi (2) j m soren (2) jaane tu ya jaane na (2) jab se mili tose akhiyan jiyara dole re (2) jaddan bai (2) jagdeep singh (2) jagjeet singh (2) jagjit kaur (2) jagmohan bakshi (2) janmashthmi (2) javed badayuni (2) jeena yahan marna yahan (2) jeet ganguli (2) jeet ka junoon (2) jigar muradabaadi (2) jise tu kabool kar le wo ada kahan se laaon (2) jo chala gaya use bhool jaa (2) jodha akbar (2) josh (2) josh malihabadi (2) joy kumar (2) july ke jadugar (2) junaid warsi (2) k c dey (2) k. aasif (2) k.c. dey (2) kaanchi (2) kabir by abida (2) kagaz ke phool (2) kaif bhopali (2) kalam aaj unki jai bol (2) kalyanj anand ji (2) kamal dasgupta (2) kanika kapoor (2) kanu roy (2) karaoke track (2) karthik (2) kashmir (2) kashmir ki kali (2) kausar munir (2) kavita krishnamoorthy (2) kavita seth (2) kavitanjali (2) kavitayen (2) khayal (2) khuda ke liye (2) khwaza ahmed abbas (2) khyyam (2) kismat (2) kitaab (2) kohinoor (2) kohra (2) krishn dayal (2) kumaar (2) kumaar aditya (2) kumar gandharv (2) laayi hayaat aaye (2) lakshmi shankar (2) lakshmikaant pyarelal (2) lambi judai (2) lata mangeshkar special (2) lata sings ghalib (2) laxmi (2) leela naidu (2) lengendary actress (2) letters of ghalib (2) lok geet (2) lokgeet (2) london dreams (2) love aajakal (2) m.s. shubhlakshmi (2) madhavi bandhopadhyay (2) madhu rani (2) madhushree (2) mahalakshmi ayyar (2) mahendra bhatnagar (2) mahiya debut song. song 21 (2) makhdoom muhiuddin (2) mala sinha (2) manhar (2) mani ratnam (2) marasim (2) master gulam haidar (2) meet brothers anjaan (2) mehandi hasan (2) mehfil-e-kahkashan (2) melody (2) memories (2) mera kuch saman (2) meri duniya hai maa (2) merry christmas (2) micheal jackson (2) microstory (2) mirza galib (2) mirzapur (2) mohammad rafi sauda (2) mohan veena (2) mohinder kumar (2) moinuddin aulliya (2) moinuddin chisti (2) monika hathila (2) morning ragas (2) mother india (2) motilal (2) mr and mrs 55 (2) muhammad husain and ahamad husain (2) mukhde pe gesu aa gaye aadhe idhar aadhe udhar (2) multani (2) music director n. dutta (2) music director ramlal (2) music today (2) music video of the month (2) my name is khan (2) n v krishnan (2) nadeem shrawan (2) nagarjun (2) nakkara (2) nandini (2) naqsh fariyaadi hai (2) navlekhan award (2) naya gyanoday (2) naziya hasan (2) neelesh mishra (2) neeraj guru (2) neha bhasin (2) nepali sarangi (2) new composer ghazal (2) new movie (2) new series on awaaz (2) new theatars (2) new video (2) new york (2) nigaahon ke saaye (2) nishant akshar (2) nitin dubey (2) non filmy ghazals (2) noor dewasi (2) nyay sharma (2) official trailor (2) oh re taal mile nadi ke jal men (2) old is gold special (2) old is gold weekly special (2) online (2) online kavi sammelan (2) padmini kolhapuri (2) padosan (2) pahli ghazal (2) pakistani ghazal singer (2) pamela chopra (2) pandit bheemsen joshi (2) pandit channu lal mishra (2) pandit d.v. paluskar (2) pandit govind ram (2) pandit nikhil benerjee (2) pandit raghunath seth (2) pandit rajan and sajan mishra (2) pandit ravi kichalu (2) pandit sreekumar misra (2) pandit vidyadhar mishra (2) pandit vinayak rao patvardhan (2) pankaj awasthi (2) parasmani (2) paravin sultana (2) parichay (2) parveen sultana (2) perub (2) play fresh song (2) playback india vaani (2) poems for schools (2) poets of hind yugm (2) poll (2) prabha aatre (2) pradeep pathak (2) prakash mehra (2) pritam chakravarthy (2) prithviraj kapur (2) priya (2) pt. ajay chakravarti (2) pt. jasraj (2) pt. omkarnath thakur (2) pt. shrikumar mishra (2) pune (2) purab aur paschim (2) purane tarane (2) pyarelaal (2) pyasa (2) queen (2) r.c. boral (2) raag bageshri (2) raag basant bahaar (2) raag bhairavi (2) raag chhayanat (2) raag jaijaivanti (2) raag miyan ki malhar (2) raag pahadi (2) raag shankara (2) raamlaal (2) rabbi shergil (2) radio (2) radio playback artists (2) radio playback hit pared (2) radio sabrang (2) rag adaana (2) rag bihag (2) rag charukeshi (2) rag chhayanat (2) rag des malhar (2) rag desi (2) rag hamir (2) rag jaijaivanti (2) rag jayjayvanti (2) rag jog (2) rag kafi hori (2) rag kalyan (2) rag kirwani (2) rag marava (2) rag marawa (2) rag maru bihag (2) rag multani (2) rag nand (2) rag paraj (2) rag puriya dhanashri (2) rag ramkali (2) rag shuddh sarang (2) rag sohni (2) rag sur malhar (2) rag tilang (2) raga based film songs (2) ragini (2) ragmala song (2) raja hasan (2) rajasthani folk (2) rajendra kumar (2) rajnigandha (2) rajshree films (2) rakesh khandelwal (2) ramakant and umakant gundecha (2) raman mahadevan (2) ramgopal verma (2) ramlakshman (2) rang malhar ke (2) rare ghazals (2) rare love songs of geeta dutt (2) rashtrakavi (2) rasulan bai (2) re man sur men gaa (2) rekha (2) rekha bhardwaj (2) richa sharma (2) rishi kapoor (2) rock on (2) roshan aara begum (2) rudra (2) s p balasubramanium (2) s. janaki (2) s. n. tripathi (2) s.d. barman (2) saadgi (2) sachin jigar (2) sachiv dev burman (2) sadhana (2) sagar (2) sagar patel (2) salma aaga (2) salute to the martyr (2) sameer lal (2) sangeet samraat taansen (2) sangeeta shankar (2) sanjay leela bansali (2) saptaah kii surkhiyan (2) saraswati kumar deepak (2) saraswati rane (2) sargam (2) sarod (2) sarveshwar dayal saxena (2) saturday specail (2) satyajit baroh (2) sawan kii ghata (2) school days (2) scores so far (2) season # 02 (2) seema gupta (2) shaam se aankh men (2) shabdon men sansaar (2) shafakat amanat ali khan (2) shaharyaar (2) shahida parveen (2) shahjahan (2) shahrukh khan (2) shail hada (2) shankar hussain (2) shankarrao vyas (2) shantanu moitra (2) shanti mathur (2) shashi kapoor (2) shaukat ali (2) shilpa rao (2) shobha gurtu (2) shokh nazar kii bijiliyan (2) shola aur shabnam (2) shradha bhilave (2) shyaam sunder (2) sitar (2) song from UK (2) songs (2) songs of july (2) songs of kishore kumar for amitabh bachhan (2) songs of mukesh (2) songs of o p nayyar (2) sonik omi (2) special feature (2) srividya kasturi (2) stage shows (2) star voice of india (2) story book vimochan (2) story collection (2) story to play (2) subhojet (2) success mantra (2) sudershan fakir (2) sudhir fadke (2) sufi song (2) sujata (2) sujoi home (2) sunday ke sunday (2) suprabha sarkar (2) suraiya (2) surayya (2) surbahar (2) sushma shreshth (2) swami ramanand (2) swargoshthi 253 (2) taal se taal mila (2) tahira syed (2) talaash (2) tanvi shah (2) tapas relia (2) tappa (2) tara balakrishnan (2) tarannum malik (2) taza nazm (2) teesari kasam (2) tere sur aur mere geet (2) thandi hawa kaali ghata aa hi gayi jhoom ke (2) the return of alam aara (2) thumari bhairavi (2) tim tim tim taaron ke deep jale (2) timir baran (2) tochi raina (2) top 10 hind films till 2000 (2) top 10 songs of year 2008 (2) top 20 songs of 2012 (2) tu rubaru (2) tulsi kumar (2) tum kahan ho (2) tum kya jaano tumhari yaad men ham kitna roye (2) tushar bhatia (2) udta parinda (2) unnikrishnan k b (2) uper gagan vishaal (2) upkaar (2) usha uthup (2) ustaad shayaar (2) ustad abdul rasheed khan (2) ustad akhtar ali (2) ustad amjad ali khaan (2) ustad ghulam mohamad saaznawaaz (2) ustad gulam mustafa khan (2) ustad rais khan (2) ustad sultan khan (2) uttar pradesh (2) v shantaram (2) vanaraj bhatiya (2) vanraj bhatia (2) veena sahastabuddhe (2) vichitra veena (2) vidushi n. rajam (2) vijay anand (2) vinay prajapati nazar (2) vinayak rao patvardhan (2) vinod (2) vinod bhardwaj (2) vipin chaudhary (2) vishesh (2) vividh bharati (2) vocal classic singer (2) wake up sid (2) whats your raashi (2) writing articles (2) yaadein (2) yaar badshah yaar dilruba (2) yaas yagana changezi (2) yaman (2) yatindra mishra (2) year 2010 songs (2) zubeen garg (2) بولتی کہانیاں (2) ओold classics (2) कमलेश्वर (2) घुघूतीबासूती (2) छोटे मियाँ (2) प्रेमचंद (2) माधवी चारुदत्ता (2) 10 rare songs of gulzaar (1) 100th episode (1) 14 september 2008 (1) 150 th episode (1) 1949 (1) 1956 (1) 1958 (1) 1968 (1) 1982 a love marriage (1) 2008-09 (1) 2017 (1) 26 november (1) 2nd october (1) 3 idiots (1) 300 years completed (1) 5 years of radio playback india (1) 50th episode (1) A Service Of Love (1) A Strange Story (1) ABCD (1) ACTOR MODEL & FORMER CRICKETER SAJIL KHANDELWAL (1) AFFAN QURESHI: (1) AIR (1) AIR FM Rainbow (1) AKARSHAN (1) ARR (1) AVM (1) AZEEM NAWAZ RAHI (1) Aakhen (1) Aam Adami (1) Aashiqui 2 (1) Aawaaz ke vahak (1) Abhishek Kashyap (1) Abhishek Patni (1) Achchha Bura (1) Adbhut Samvad (1) Adhar (1) Adhatiya (1) Aditya Pathak (1) Agni Samarpan (1) Agnisamadhi (1) Ahmed Sagheer Siddiqui (1) Ajat Shatru (1) Akbar Ke Navaratna (1) Akeli Si (1) Akhiri Tohfa (1) Akshay mann (1) Altaf Fatima (1) Amar Ujala (1) AmitTiwari (1) Amrit Kumbh Ki Khoj Mein (1) Amritlal Nagar (1) An Astrologer's Day (1) Anand Math (1) Anandam (1) Andhe Jahan ke Andhe Raste (1) Anil Chadda (1) Anokhi Kalakriti (1) Anton Chekhov (1) Anubhav Priya (1) Anugoonj (1) Anup manchalwar (1) Anurag Arya (1) Anybody Can Dance (1) Apanapan (1) Apnon Ne Loota (1) Appeal ka Jadoo (1) April 2009 (1) Asakti Ki Mrigtrishna (1) Asamarth Data (1) Asha Gupta Ashu (1) Ashalata Biswas (1) Ashfaq Ullah Khan (1) Ashlil (1) Ashok Bajpai (1) Ashok Bhatia (1) Ashok vajpayee (1) Asit Kumar Mishra (1) Assamese film music (1) Athanni Ka Chor (1) Atma-sangeet (1) Atmaram (1) Audio songs (1) August (1) Aurangzeb (1) Avanish Gautam (1) B.L Nastik (1) BHK (1) BIBO (1) Babu Ki Badli (1) Badchalan (1) Bade Ghar Ki Beti (1) Baizzat Bari (1) Bal Mukund Gupta (1) Balkavi Bairagi (1) Banka Zamindar (1) Bankim Chandra Chattopadhyay (1) Barish (1) Bechara Bhala Admi (1) Bemel Vivah (1) Bhagvati Charan Varma (1) Bhagwan Raam (1) Bhakti Kaal (1) Bharat Mata par geet (1) Bhola (1) Bhookh (1) Bhool Bhuliya (1) Bhupendra Kumar (1) Bikharate Rishte (1) Bohni (1) Bore (1) Brocheta Espanya (1) Buddhijiviyon Ka Dayitva (1) Butarkhaunki (1) C.I.D (1) CAS studio (1) CHAYAGEET (1) CINE PAHELI MAHAMUKABALA (1) Campus (1) Canberra Radio (1) Chamchasan (1) Channulal Mishra (1) Chappal (1) Char Bete (1) Chara Machine (1) Charles (1) Chatterjee (1) Chaube Ji (1) Cheel (1) Chetas Pandey (1) Chhannulal (1) Chhipkali Adami (1) Chhota Jadugar (1) Chhote Miyan (1) Chirag Jain (1) Chitrangada (1) Chori Ka Arth (1) Cine Paheli 67 (1) Cine Paheli 75 (1) Cine Paheli 78 (1) Cine Paheli 79 (1) Cine Paheli 80 (1) Cine Paheli 81 (1) Comrade (1) Cycle ki Savari (1) D-lab hyderabaad (1) DDLJ (1) Dadi Jee Ki Chidiya (1) Dadra (1) Dag Dehalavi (1) Dajyu (1) Dakshin Bharat (1) Dard E Disco (1) Dard Ki Mehak (1) Darshan Singh Ashat (1) Darshan do ghanshyam (1) Daur saifi (1) David (1) Dawat (1) Deepika Padukon (1) Deputy Collector: Harishankar Parsai (1) Devendra Pathak (1) Devi (1) Dhela Patta (1) Dhrupad Rag Bhairavi (1) Digvijay Singh Pariyar (1) Do Hath (1) Doosara Kamra (1) Doosri Shadi (1) Dr Preeti Prakash Prajapati (1) Dr Rekha Vyas (1) Dr. Amar Kumar (1) Dr. Kirit Chhaya (1) Dr. M. Balmurali Krishna (1) Dr. Mridul Kirti (1) Durga Ka Mandir (1) EK GEET SAU KAHANIYAN 100 (1) EK GEET SAU KAHANIYAN 86 (1) EK GEET SAU KAHANIYAN 93 (1) EK GEET SAU KAHANIYAN 95 (1) EK GEET SAU KAHANIYAN 96 (1) EK GEET SAU KAHANIYAN 98 (1) EK GEET SAU KAHANIYAN 99 (1) EKGEET SAU KAHANIYAN (1) Ek Ashuddh Bevaqoof (1) Ek Gadha Nefa Mein (1) Ek Padhi Likhi Stri (1) Ek Raat (1) Ek Thi Daayan (1) Ek Tokri Bhar Mitti (1) Ek Vichitra Kahani (1) Ekta Agarwal (1) Episode 9 (1) F C Mehra (1) FAGUN KE RANG (1) FICCI auditorium (1) FIRST AND SECOND MAHAVIJETA (1) Faisala (1) Fariyal (1) Fark (1) Farukh Kaisar (1) Favorite songs (1) Female duet (1) Feri Vala (1) Film Amar (1) Film Mother India (1) Film Sant Gyaneshwar (1) Film Seema (1) Film Son Of India (1) Film naya andaz (1) Folklore (1) Fun Asia (1) Fusion music (1) G S Kohali (1) GUDIA HAMSE ROOTH RAHOGI (1) Gair Mulki Ladki (1) Ganapat vandana (1) Ganapati bappa morya (1) Ganja (1) Garajpal Ki Chitthi (1) Gate (1) Gaurav Sharma (1) Gaurav Vashishtha (1) Gautam Rajrishi (1) Geet Ateet 03 (1) Geetkar (1) Ghar Aur Bahar (1) Gharjamai (1) Gheesa (1) Ghoos De doon Kya (1) Gopal Prasad Vyas (1) Greeting card (1) Guitar Recital (1) Gujarati (1) Gulelbaz Ladka (1) Gulli Danda (1) Gummi (1) Gururbrahma (1) Gyan Prakash Singh (1) Gyan Prakash Vivek (1) Gyani (1) HERO HONDA SA RE GA MA PA (1) HMV (1) Haan Deewana hon main (1) Hamara Mulk (1) Hans Christian Andersen (1) Hansi (1) Hansraj Sugya (1) Har Geet Kii Ek Kahaani Hoti Hai (1) Har Ki Jeet (1) Hari Krishna Devsare (1) Harkeerat Heer (1) Harmonium (1) Harsukh Bhatt (1) Hathon mein machhliyan (1) Hello tunes (1) Hemant Foundation (1) Hind Yugm Publication (1) Hindi Akademy (1) Hindi Karyakram (1) Hindi Story narrator (1) Hindi caller Tune... (1) Hindi film film released in 2008 (1) Hindi goshthi (1) Hindi ringtones (1) Hindi sugam Sangeet (1) Hindyugm ki kahani (1) Holi Ke Rang Tesu Ke phool (1) Homaira Rahman (1) Hum Dekhenge (1) Humaira Rahman (1) I hate luv storys (1) Ibadat (1) Ibn e Insha (1) Idgaah (1) Images of Kumbh Mela (1) Imandar (1) Inkaar (1) Interview with Digvijay Singh Pariyar (1) Intezar (1) Invitation (1) Irshad (1) Ishmit Singh (1) Isteefa (1) Jaa Re Ud Jaa Re (1) Jalta hai Badan (1) Japanese (1) Jay Shankar Prasad (1) Jhalmala (1) Jhanki (1) Jhooth Barabar Tap Nahin (1) Jin Raton ki bhor (1) Jism Kamane Nikal Gaya Hai (1) July (1) Junaid Wasi (1) June 2009 (1) Juniana Lanning (1) Jyotish Joshi (1) Jyotishi Ka Naseeb (1) Jyotsana Pandey (1) KAHAKASHAN 25 (1) Kaash (1) Kachhua aur Khargosh (1) Kai Po Che (1) Kailash vajpayee (1) Kaka Hathrasi (1) Kalakaar Kaise Kaise (1) Kalyanji Anandji (1) Kamzor (1) Karma Ji Ki Tunn Parade (1) Kashmakash (1) Katti batti (1) Kaushal (1) Kauwa (1) Kavi Ka Sath (1) Kavigoshthi (1) Kayar (1) Keshav Kumar 'Karn' (1) Khalil Gibran (1) Khari Boli (1) Khat Jo Likha Nahin Gaya (1) Khoobsurat Hain Aankhen Teri (1) Khoon Do (1) Kiran Sindhu (1) Kishor Kumar Khorendra (1) Kranti (1) Kranti Trivedi (1) Kuchh Kuchh Sabko Milta Hai (1) Kuldeep Anjum (1) Kusum Sharma (1) Kutta (1) Kutte Ki Dua (1) Kya Ve Unhen (1) Kya bhuloon kya yaad Karoon (1) Ladki Thi Vah (1) Ladkiyan (1) Lady Sriram College (1) Lakshamikant Pyarelal (1) Lalit Mohan Trivedi (1) Late Hemant (1) Laton Ke Bhoot (1) Listen (1) Loongi Lota aur Salaam (1) MUHAMMAD WALEED MUSTAFA:Lead vocalist (1) Maa (1) Madhav Nagda (1) Madhavrao Sapre (1) Madhuri Joglekar (1) Madhuri Lata Pandey (1) Madhyam Vargiya Kutta (1) Mahashweta devi (1) Mahavijeta Special (1) Mahavir Aur Gadiwan (1) Mahotsav (1) Main Ek Bhartiya (1) Main ek bachche ko pyar kar rahi thi (1) Malvika Nirajan (1) Mamta (1) Mamta Ki Chhaon Mein (1) Mandir aur masjid (1) Manjushree (1) Manmohan Bhatia (1) Mannu Bhandari (1) Manohar Kahani (1) Mauzi Babu (1) Megan Mylan (1) Meherunnisa (1) Mele Ka Oont (1) Mere zazbaat (1) Meri bhains Ko Danda (1) Mintu (1) Mirage (1) Model & Actor (1) Mohan Das (1) Motor Ki Chhinte (1) Mrinal Pandey (1) Muhammd Rafi (1) Mukesh Garg (1) Mukesh Pandey (1) Mummy ke super star (1) Mundan (1) Munia Ka Bachpan (1) Munish Sharma (1) Munshi Nawal Kishore (1) Murder 3 (1) Music Director Ravi (1) NIGAAHEN MILANE KO JEE CHAHTA HAI (1) Namak Ka Daroga (1) Nar Ho Na Nirash Karo Mann Ko (1) Naresh Rana (1) Nasihaton ka daftar (1) National poet (1) Naukari Ramesh Battra (1) Naveen Kumar (1) Naya Saal (1) Nayan (1) Nazar laagi raaza (1) Neeraj Basliyal (1) Neeraj Goswami (1) Neki (1) Nirmal Verma (1) Nirvasan (1) Nitin Vyas (1) Nitya Shefali (1) Nivedhitha (1) O jane wale balamwa (1) O.P. Naiyar (1) OLD CHAITI GEET (1) Oh (1) Om Arya (1) Oranges (1) P Bhavini (1) P C Rampuria (1) PSVB (1) Padumlal Punnalal Bakshi (1) Paheli (1) Pakshi Aur Dimak: Muktibodh (1) Palash (1) Panchlight (1) Pandit Balavant Rao Bhatt (1) Pandit Mallikarjun Mansur (1) Pandit Ulhas Kashalakar (1) Pani Ki Jati (1) Parivartan (1) Parvat Yatra (1) Patita (1) Patjhad Sawan Vasant Bahar (1) Patni Ka Patra (1) Patni Se Pati (1) Patriotic Songs (1) Peeli Chhatari waali ladki (1) Pet ka kachhua (1) Phanishwar Nath Renu (1) Photographer (1) Piya Milan Ko Jaana (1) Piyush K Mishra (1) Poonam Jain (1) Poonam Srivastava (1) Poos Ki Raat (1) Popular Song (1) Pradeep Kumar (1) Prafull Patel (1) Prakash Badal (1) Prakash Pictures (1) Preetam (1) Preeti Mehta (1) Prem Gali Ati (1) Prof Namvar Singh (1) Pt Narendra Sharma (1) Pt. Govindrao Patavardhan (1) Pt. Manohar Chimote (1) Pt. Ramprasad Bismil (1) Purab Aur Pashchim (1) Puranchand Wadali (1) Puraskar (1) Pushpa (1) Pushpa Pagdhare (1) Putra Prem (1) Pyar Ki Dastan (1) Pyar Kiya To Marna Kya (1) Pyar kar le (1) Pyarelal Wadali (1) Pyase Panchhi (1) Qais Jaunpuri (1) Qatil (1) Qatl Kiska; Urdu; Hindi; short; story; Anurag Sharma; Shobha Rastogi; Bolti Kahaniyan; Radio; Playback India (1) Qaumi Ekata (1) R K Narayan (1) RDB (1) ROAR Tigers of the Sundarbans (1) RPI Archive (1) Raam Charit Manas (1) Raavi Paar (1) Race 2 (1) Rachana Bajaj (1) Rag Nilambari (1) Rahogi Tum Vohi (1) Rail (1) Rain (1) Rajeev Sharma (1) Rajendra yadav (1) Rajesh Bisen (1) Raju Ke Nam Ek Patra (1) Raku (1) Ram murari (1) Ramesh Chellamani (1) Ramlal (1) Ramnavami (1) Ramrajya (1) Rangrez (1) Ranjana Joglekar (1) Rashi (1) Rashmi Swaroop (1) Rashtra kavi (1) Rasik Sampadak (1) Rathvaan (1) Ration card (1) Razia Akbar Mirza (1)